नवगछिया  : विक्रमशिला सेतु संपर्क पथ की साहायक 14 नंबर सड़क पर परवत्ता गांव के पास कलबलिया धार में उतरे गंगा नदी के पानी का दूसरी तरफ से गांव की ओर रिसाव शुरू हो गया है. सुबह जैसे ही ग्रामीणों को इस बात की जानकारी मिली तो मौके पर सैकड़ों ग्रामीण जुट गये थे.

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इसके बाद जल जदयू के इस्माइलपुर प्रखंड अध्यक्ष गुलशन कुमार की सूचना पर मौके पर पहुंचे पीडब्ल्युडी के कार्यपालक अभियंता आरएस सिंह, कनीय अभियंता जयशंकर गुप्ता आदि अन्य पदाधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर बचाव कार्य शुरू करवाया. देर शाम समाचार लिखे जाने तक स्थिति नियंत्रण में होने का दावा  विभागीय पदाधिकारियों द्वारा किया गया है. मालूम हो कि पिछले वर्ष गंगा नदी में आयी बाढ़ के जल स्तर के अत्यधिक दवाब के कारण उक्त स्थल पर ही करीब 40 मीटर तक सड़क ध्वस्त हो गया था.

जानकारी के अनुसार ध्वस्त सड़क की मरम्मती 50 लाख के लागत से किया गया था. ग्रामीणों ने जानकारी देते हुए बताया कि अगर इस बार फिर उक्त स्थल पर सड़क टूटा तो जगतपुर, गरैया, कनकी टोला, छोटी परवत्ता, खगड़ा आदि पंचायतों को भीषण बाढ़ के चपेट में आ जायेगा. ग्रामीणों ने कहा कि शनिवार की रात से सड़क से गंगा नदी के जल का रिसाव इतना तीव्र था कि देखते ही देखते आवासीय क्षेत्रों के तरफ पानी फैलने लगा था. इस्माइलपुर जदयू के अध्यक्ष गुलशन मंडल व अन्य ग्रामीणों ने बताया कि एक माह पूर्व भी उक्त जगह पर सड़क की स्थिति नाजुक रहने की बात को विभागीय पदाधिकारियों के संज्ञान में दिया था लेकिन किसी प्रकार की कार्रवाई की गयी.

जिसके कारण लोगों को भयानक बाढ़ का सामना करना पड़ेगा. इधर घटना की सूचना मिलते ही इस्माइलपुर के सीओ सुरेश प्रसाद सिंह व अन्य पदाधिकारियों ने हालात का जायजा लिया है. उन्होंने कहा है कि फिलहाल स्थिति नियंत्रित है. स्थल पर विभाग के कनीय अभियंता देर रात तक कैंप कर रहे थे. दूसरी तरफ सड़क को बचाने के लिए स्थानीय ग्रामीण इस्माइलपुर जदयू अध्यक्ष गुलशन मंडल, दयानंद सरस्वती, चंद्रकांत मंडल,  प्रभात कुमार, निखिल कुमार, होरिल यादव, सिंटू कुमार, शशि मंडल आदि अन्य भी स्थल पर देर रात तक डटे हुए थे.

नया टोला बोरवा, गोनरचक के निचले इलाकों में फैला बाढ़ का पानी गंगा नदी के जल स्तर में पिछले दिनों से हो रही वृद्धि के कारण नया टोला बोरवा, गोनरचक के निचले इलाकों में फैल रहा है. ग्रामीणों ने जानकारी दी है कि अगर गंगा नदी के जल स्तर में इसी तरह से बढ़ोतरी होता रहा तो वे लोग पांच दिनों के अंदर बाढ़ प्रभावित हो जायेंगे. मालूम हो कि इन गांवों को गंगा नदी के बांध से बचने के लिए कोई भी सुरक्षात्मक बांध नहीं है.

विद्यालय को बचाने के लिए युद्ध स्तर पर बचाव कार्य करने का निर्देश भागलपुर के जिलाधिकारी ने खगड़िया के बाढ़ प्रमंडल विभाग के कार्यपालक अभियंता को नारायणपुर के दुधैला गांव में युद्ध स्तर पर कटाव निरोधी कार्य करवाने का निर्देश दिया है. जिलाधिकारी द्वारा भेजे गये पत्र में कहा गया है कि मध्य विद्यालय दुधैला की गंगा नदी से दूरी महज दो सौ गज रह गयी है. जिलाधिकारी ने हर हालत विद्यालय को बचाने का निर्देश दिया है. मालूम हो कि पिछले एक माह से इस गांव में जारी कटाव में अब तक 150 परिवार के लोग बेघर हो चुके हैं.

By Rishav Mishra Krishna

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