नवगछिया। नवगछिया अनुमंडल के गंगा तटीय इलाकों और तटबंधों पर रविवार सुबह तक जलस्तर में उतार-चढ़ाव जारी रहा। इस्माईलपुर-बिंद टोली, राघोपुर, मदरौनी और जेबी चोरहर में जलस्तर की स्थिति अलग-अलग रही। सिंचाई विभाग के अनुसार सभी तटबंध फिलहाल सुरक्षित और नियंत्रण में हैं, लेकिन कई जगह नदी की धारा तटबंध के टो (निचले हिस्से) से टकरा रही है। इससे कटाव का खतरा बढ़ गया है।
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इस्माईलपुर-बिंद टोली और राघोपुर में तेजी से बढ़ा पानी
इस्माईलपुर-बिंद टोली के स्पर संख्या-07 पर गंगा का जलस्तर 30.05 मीटर दर्ज किया गया। पिछले 24 घंटे में यहां 14 सेंटीमीटर की वृद्धि हुई है। इस स्थल का चेतावनी स्तर 30.60 मीटर और खतरे का निशान 31.60 मीटर है। नदी का पानी तटबंध के टो से टकरा रहा है, जिससे कटाव की आशंका बनी हुई है।
वहीं, राघोपुर के काजीकोरैया राघोपुर मार्जिनल बांध के पास जलस्तर 31.13 मीटर पहुंच गया है। यहां 24 घंटे में 10 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई। हालांकि यह अभी चेतावनी स्तर 32.68 मीटर और खतरे के निशान 33.68 मीटर से नीचे है। नदी का पानी इस क्षेत्र में भी तटबंध के टो को छू रहा है।

जेबी चोरहर में चेतावनी स्तर से ऊपर गंगा
जेबी चोरहर क्षेत्र में गंगा का जलस्तर 30.85 मीटर दर्ज किया गया। पिछले 24 घंटे में यहां 5 सेंटीमीटर की कमी आई है, बावजूद इसके नदी अभी भी चेतावनी स्तर 30.77 मीटर से 8 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। खतरे का स्तर 31.77 मीटर है।
बागजान-जमींदारी बांध को फिलहाल सुरक्षित बताया गया है, लेकिन चेतावनी स्तर पार होने के कारण यह क्षेत्र निगरानी के लिहाज से सबसे संवेदनशील बना हुआ है।
मदरौनी में फिलहाल राहत
मदरौनी में गंगा का जलस्तर 29.98 मीटर दर्ज किया गया, जिसमें पिछले 24 घंटे में 5 सेंटीमीटर की वृद्धि हुई है। यहां चेतावनी स्तर 30.48 मीटर और खतरे का स्तर 31.48 मीटर है। चारों प्रमुख स्थलों में मदरौनी ही ऐसा क्षेत्र है, जहां फिलहाल नदी का पानी तटबंध के टो तक नहीं पहुंचा है।
चारों प्रमुख स्थलों की स्थिति
| क्षेत्र | जलस्तर | 24 घंटे में बदलाव | चेतावनी स्तर | स्थिति |
|---|---|---|---|---|
| इस्माईलपुर-बिंद टोली | 30.05 मीटर | +14 सेमी | 30.60 मीटर | तटबंध सुरक्षित, टो को पानी छू रहा |
| राघोपुर | 31.13 मीटर | +10 सेमी | 32.68 मीटर | तटबंध सुरक्षित, टो को पानी छू रहा |
| मदरौनी | 29.98 मीटर | +5 सेमी | 30.48 मीटर | तटबंध सुरक्षित, टो को पानी नहीं छू रहा |
| जेबी चोरहर | 30.85 मीटर | -5 सेमी | 30.77 मीटर | चेतावनी स्तर पार, तटबंध सुरक्षित |
24 घंटे निगरानी, कटाव रोधी सामग्री तैयार
गंगा के जलस्तर और नदी की धारा को देखते हुए जेबी चोरहर सबसे संवेदनशील क्षेत्र बना हुआ है। वहीं इस्माईलपुर-बिंद टोली और राघोपुर में बढ़ते जलस्तर के कारण तटबंध के निचले हिस्से पर पानी का दबाव बढ़ रहा है।
स्थिति को देखते हुए जल संसाधन विभाग और स्थानीय प्रशासन की टीमें तटबंधों की लगातार निगरानी कर रही हैं। संभावित कटाव या आपात स्थिति से निपटने के लिए कटाव रोधी सामग्री भी तैयार रखी गई है। विभाग का कहना है कि फिलहाल सभी तटबंध सुरक्षित हैं, लेकिन जलस्तर में होने वाले बदलाव पर लगातार नजर रखी जा रही है।
