नवगछिया : गोपालपुर को नवगछिया से जोड़ने वाले गंगा प्रसाद जमींदारी बांध पर लगातार बारिश की वजह से पानी का दबाव बढ़ने लगा है। इसको लेकर अनुमंडल पदाधिकारी मुकेश कुमार व अन्य पदाधिकारियों ने बांध का जायजा लिया। वहां पर पुलिस बल को तैनात किया गया। उन्होंने असामाजिक तत्व पर नजर रखने का निर्देश दिया है। सूत्रों के अनुसार असामाजिक तत्वों ने गोसाईगांव के पास अचानक पानी का रिसाव होने की सूचना दी। यह सुनकर अधिकारियों के हाथ पांव फूलने लगे। बांध पर जाकर देखा तो वहां किसी भी तरह का रिसाव नहीं था। तब जाकर अधिकारियों ने राहत की सांस लिया।
छह नंबर स्पर पर कटाव से बांध पर खतरा मंडराने लगा है : इस्माइलपुर से ¨बदटोली के बीच स्पर संख्या छह पर कटाव से बांध पर खतरा मंडराने लगा है। विभाग की ओर से फ्लड फाइटिंग के तहत यहां पर कटाव निरोधी कार्य किए जा रहे हैं। कटाव स्थल पर बंबू रोल व अन्य तरह के कार्य किए जा रहे हैं।


बाढ़ से हालात गंभीर हो गए हैं। गंगा और कोसी नदी का जलस्तर बढ़ने और कटाव के कारण लोगों की सांसे थमी हुई हैं। बिहपुर और खरीक प्रखंड की सीमा पर नरकटिया गांव के समीप जमींदारी तटबंध की स्थिति भयावह बनी हुई है। रविवार को तटबंध के दोनों ओर कटाव शुरू हो जाने से स्थिति और भी चिंताजनक हो गई। हालांकि जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के अलावा पूरी टीम व बड़ी संख्या में ग्रामीण कटाव पर काबू पाने में जुटे रहे। रविवार को दक्षिण की दिशा में कुछ आगे जाकर करीब 20 मीटर में तटबंध का 90 प्रतिशत हिस्सा व उत्तर दिशा की तरफ पक्की सड़क कटाव की जद में आकर नदी में समा गई। इस कारण नरकटिया समेत पूरे इलाके के लोगों में अफरा-तफरी जैसा माहौल बन गया था। यहां स्थिति ऐसी है कि तटबंध कभी भी ध्वस्त होकर नदी में समा सकता है।

सूबे जल संसाधन मंत्री संजय झा के निर्देश के बाद शनिवार की शाम से ही तटबंध को कटाव से बचाने के लिए बोल्डर डालने का शुरू किया गया था। वहीं डीएम प्रणव कुमार तटबंध की स्थिति पर न सिर्फ अपनी नजर बनाए हुए हैं बल्कि अधिकारियों से यहां के हालात के बारे में पल-पल की अपडेट ले रहे हैं। वहीं बिहपुर-नारायणपुर रेलवे ट्रैक के करीब बाढ़ का पानी पहुंच गया। इसको देखते हुए रेलवे के अधिकारियों ने निरीक्षण किया। सीनियर डीएन (टू) ने कहा कि फिलहाल रेल ट्रैक पर कोई खतरा नहीं है। नजर रखी जा रही है।

