महागठबंधन की 10 लाख नौकरियों के बरक्स भाजपा ने बिहार में 19 लाख नया रोजगार देने और नए रोजगार के नए अवसर सृजित करने का वादा किया है। साथ ही कोरोना से बचाव के लिए हर बिहारी को मुफ्त वैक्सीन देने का भी ऐलान किया है। शुक्रवार को पार्टी ने विधानसभा चुनाव को लेकर अपना घोषणा पत्र जारी किया। केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय, अश्विनी कुमार चौबे, आरके सिंह, पथ निर्माण मंत्री नंदकिशोर यादव, प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संजय जायसवाल, सांसद राधामोहन सिंह, विवेक ठाकुर और घोषणा पत्र समिति के अध्यक्ष कृषि मंत्री डॉ. प्रेम कुमार के समक्ष घोषणा पत्र को ‘आत्मनिर्भर बिहार का रोड मैप : 2020-2025’ के रूप में प्रस्तुत किया। पार्टी ने इसे 5 सूत्र, 1 लक्ष्य और 11 संकल्प के प्रारूप में पेश किया। निर्मला सीतारमण ने कहा कि भाजपा जनता से जो भी संकल्प करती है, उसे पूरा करना जानती है। प्रधानमंत्री ने जो कहा उसे हर हाल में पूरी गंभीरता के साथ पूरा किया। गरीबों को लिए जो वायदे किये, उसे संकल्प मानकर पूरा किया। हर गांव में बिजली हो या फिर गांवों में महिलाओं को गैस कनेक्शन, गांवों का विकास हो या नागरिक सुविधाओं को आम लोगों तक पहुंचाना, हमने जो कहा उसे पूरा किया। केन्द्र हो या राज्य, पूरी एनडीए सरकार जनता के लिए काम कर रही है। लोगों का भरोसा ही हमारे संकल्प का आधार है।


नवगछिया न्यूज़ WhatsApp Group

5 लाख महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जाएगा

प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संजय जायसवाल ने कहा कि राष्ट्रवाद और विकास के आधार पर हम आत्मनिर्भर बिहार की परिकल्पना को साकार करेंगे। हम पांच वर्षों में सूबे में 19 लाख रोजगार के नए अवसर पैदा करेंगे। इसमें तीन लाख शिक्षक, एक लाख चिकित्सक-पारा मेडिकल, 5 लाख आईटी, 5 लाख महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और पांच लाख अन्य सेक्टर में रोजगार के अवसर सृजित करना है। जायसवाल ने कहा कि जिनके पास न दृष्टि है न दिशा, न नीति अाैर न नीयत है वैसे लोग रोजगार की रट लगाए घूम रहे हैं। संचालन राष्ट्रीय प्रवक्ता संजय मयूख ने किया।

हर साल 40 फीसदी फंड होता है सरेंडर

पटना|भाजपा की 19 लाख राेजगार देने की घाेषणा पर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने कहा कि भाजपा ताे राेजगार कराेड़ाें में देती है। हम ताे पकोड़े तलने वाले नहीं, 10 लाख सरकारी नाैकरी देंगे। वहीं, उन्हाेंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी निशाना साधा। तेजस्वी ने कहा कि 15 साल शासन करने के बाद भी इनको नहीं पता कि बजट में क्या-क्या प्रावधान है और कैसे उन्हें खर्च करना है। बिहार का वित्तीय बजट 2 लाख 11 हजार 761 करोड़ का है, जिसकी 40% राशि एनडीए सरकार अपनी ढुलमुल, गैर-जिम्मेदाराना, भ्रष्ट और लचर नीतियों के कारण खर्च ही नहीं कर पाती है और अंत में 80 हजार करोड़ रुपए हर वर्ष सरेंडर कर दिए जाते हैं। कोई कार्यकुशल सरकार 40 फीसदी फंड सरेंडर क्यों करेगी? हम इस राशि का इस्तेमाल नए विकास कार्यों और नई बहाली के लिए वेतन के रूप में कर सकते हैं। तेजस्वी ने कहा कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री को बजट का कैसे पता चलेगा? उनके कार्यकाल में सृजन घोटाला, धान घोटाला, तटबंध घोटाला सहित 30000 करोड़ के 60 घोटाले हुए हैं।

तेजस्वी बोले – पकोड़े तलने वाले नहीं, हम तो 10 लाख सरकारी नौकरी देंगे

केन्द्रीय मंत्री ने दावा किया कि बिहार को लेकर भी हमने अपनी पात्रता साबित की है। लालू-राबड़ी के 15 वर्षों के शासन में बिहार में प्रति व्यक्ति आय मात्र 8 हजार थी, हमारे समय यह 43 हजार से अधिक हो चुकी है। इसी तरह पहले की सरकार ने मात्र 34 फीसदी लोगों को ही पक्का मकान दिया था, हमने 96 फीसदी लोगों को पक्का मकान दिया है। कृषि विकास की दर पहले की सरकार में 2.35 फीसदी थी, एनडीए की सरकार में यह 8.50 फीसदी से ऊपर है। पहले 22 प्रतिशत लोगों तक ही बिजली थी, आज 100 प्रतिशत लोगों तक बिजली पहुंच चुकी है।

By न्यूज़ डेस्क

न्यूज़ को शेयर करे और कमेंट कर अपनी राय दे.....

Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Kulisbet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Kulisbet
Kulisbet giriş
Kulisbet güncel giriş
kralbet
Dinamobet
Dinamobet
Madridbet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Matbet
Matbet