नवगछिया : बाढ़ के कारण जहां आमलोगों का जीना मुहाल हो गया है। तो वहीं दूसरी तरफ नवगछिया इलाके में सैकड़ों हेक्टेयर खेत में लगी केला की फसल बर्बाद हो गयी है। केला की फसल बर्बाद होने से किसानों को काफी नुकसान हुआ है। पीड़ित किसानों का कहना है कि फसल बर्बाद होने से इस बार दुर्गा पूजा समेत अन्य त्योहारों में केला के दाम में बढ़ोतरी होगी।
क्योंकि यहां से भागलपुर के अलावा झारखंड, पटना, दिल्ली समेत कई जगहों पर केला का व्यापार होता है। गोपालपुर के केला की खेती करने वाले किसान मनोज सिंह ने बताया कि इस बार आठ लाख की लागत से 10 एकड़ खेत में केला की फसल लगाये थे, लेकिन इसमें अभी 2.50 लाख का ही केला बिक्री किये हैं। बाढ़ आने की वजह से केला की अधिकांश फसल बर्बाद हो गयी है। बताया कि केला का जो छोटा पौधा होता है, वो भी सारा का सारा बाढ़ में खत्म हो गया है।
मनोज ने बताया कि केला की फसल तैयार होने के बाद यूपी से व्यापारी आते थे और केला लेकर जाते थे। साथ ही भागलपुर, कहलगांव में लोकल बाजार में बिक्री करने भेजते थे। फसल नुकसान होने के कारण इस बार त्यौहार में केला के दाम में बढ़ोतरी होगी। गुरुदेव सिंह ने बताया कि एक लाख रुपए प्रति एकड़ केला की खेती करने में खर्च होता है। इस बार चार लाख की लागत से चार एकड़ खेत में केला लगाये थे।

केला की फसल तैयार हो गयी थी। इस बार दुर्गा पूजा में केला का व्यापार करते, लेकिन बाढ़ की वजह से अधिकांश फसलों का नुकसान हो गया। बताया कि इस बार अभी तक एक लाख का ही केला बिक्री किये हैं। इस बाद त्योहार में लागत से एक से डेढ़ लाख रुपए से अधिक आमदनी होने की उम्मीद थी। गुरुदेव ने बताया कि अब केला की खेती छोड़कर मक्का समेत अन्य फसलों की खेती करते करेंगे।
जिले में 1800 हेक्टेयर में केला की खेती हो रही है। गोपालपुर प्रखंड क्षेत्र में 150 हेक्टेयर में केला की फसल लगी है, जिसमें 100 हेक्टेयर में लगी केला की फसल का नुकसान हुआ है। बताया कि आकलन किया जा रहा है। और किस-किस इलाके में फसल का नुकसान हुआ है। अभय कुमार मंडल, जिला उद्यान पदाधिकारी, भागलपुर

