नवगछिया पुलिस में हलचल, होमगार्ड जवान ने पुलिस पदाधिकारियों पर लगाए गंभीर आरोप
नवगछिया। नवगछिया पुलिस जिले में उस वक्त हलचल मच गई, जब एक होमगार्ड जवान ने थानेदार और थानों में पदस्थापित कुछ पुलिस पदाधिकारियों पर अपराधियों से कथित मिलीभगत का गंभीर आरोप लगाया। जवान का दावा है कि थाने के कुछ पदाधिकारियों तक पहुंचने वाली गोपनीय सूचनाएं अपराधियों तक लीक हो जाती हैं। इससे अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करने में परेशानी होती है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
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दरअसल, 12 अक्टूबर को नवगछिया के एसपी वैभव शर्मा ने अनुमंडल क्षेत्र के सभी होमगार्ड जवानों को क्राइम मीटिंग के लिए बुलाया था। बैठक के दौरान एक होमगार्ड जवान ने अपनी बात रखते हुए पुलिस व्यवस्था से जुड़े कई सवाल उठाए। जवान ने गोपनीय सूचनाएं लीक होने के आरोप के साथ अपराध नियंत्रण में होमगार्ड जवानों की भूमिका और उनकी समस्याओं पर भी ध्यान देने की जरूरत बताई।
एसपी के सामने जवान ने रखी अपनी बात
बैठक के दौरान होमगार्ड जवान ने कहा कि नवगछिया पुलिस जिले में पहली बार किसी एसपी ने होमगार्ड जवानों के साथ क्राइम मीटिंग करने की पहल की है। उसके अनुसार, इस तरह की बैठक से जमीनी स्तर पर काम करने वाले जवानों को अपनी समस्याएं और अनुभव सीधे पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचाने का अवसर मिलता है।

जवान ने कहा कि अपराध नियंत्रण के लिए केवल पुलिस पदाधिकारियों की बैठक ही नहीं, बल्कि होमगार्ड जवानों से भी नियमित रूप से जानकारी ली जानी चाहिए। क्षेत्र में ड्यूटी करने वाले जवानों को कई ऐसी जानकारियां मिलती हैं, जो अपराधियों की गतिविधियों को समझने और समय रहते कार्रवाई करने में उपयोगी हो सकती हैं।
गोपनीय सूचनाएं लीक होने का लगाया आरोप
होमगार्ड जवान ने आरोप लगाया कि थाने के कुछ पुलिस पदाधिकारियों तक पहुंचने वाली गोपनीय सूचनाएं कथित तौर पर अपराधियों तक पहुंच जाती हैं। जवान के मुताबिक, यदि कार्रवाई से संबंधित जानकारी पहले ही अपराधियों को मिल जाए तो पुलिस की योजना प्रभावित हो सकती है और अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करना मुश्किल हो सकता है।
यह आरोप पुलिस महकमे की कार्यप्रणाली और गोपनीय सूचनाओं की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर विषय है। हालांकि, जवान द्वारा लगाए गए आरोपों की पुष्टि के लिए स्वतंत्र जांच या पुलिस प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया की जानकारी उपलब्ध नहीं है। इसलिए इन आरोपों को फिलहाल जवान के दावे के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
हर महीने होमगार्ड जवानों के साथ बैठक कराने की मांग
होमगार्ड जवान ने एसपी वैभव शर्मा से मांग की कि प्रत्येक महीने होमगार्ड जवानों के साथ अलग से क्राइम मीटिंग आयोजित की जाए। उसका मानना है कि नियमित बैठक होने से जवानों को अपने क्षेत्र की समस्याएं, संदिग्ध गतिविधियां और अपराध नियंत्रण से जुड़ी जानकारियां साझा करने का अवसर मिलेगा।
जवान के अनुसार, ऐसी बैठकों में पुलिस पदाधिकारियों और होमगार्ड जवानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जा सकता है। इससे जमीनी स्तर पर मिलने वाली सूचनाओं का समय पर आकलन करने और आवश्यक कार्रवाई की दिशा में मदद मिल सकती है।
अपराध नियंत्रण में समन्वय पर जोर
नवगछिया अनुमंडल क्षेत्र में अपराध नियंत्रण पुलिस के लिए महत्वपूर्ण चुनौती है। ऐसे में पुलिस पदाधिकारियों और होमगार्ड जवानों के बीच नियमित संवाद से क्षेत्र की समस्याओं को समझने में मदद मिल सकती है। होमगार्ड जवानों की ओर से उठाए गए सवालों और मांगों पर प्रशासन का रुख क्या रहता है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।
फिलहाल, बैठक में जवान द्वारा लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि और इस संबंध में पुलिस प्रशासन की प्रतिक्रिया सामने आने का इंतजार है।
