सदर अस्पताल में गुरुवार को शॉर्ट-सर्किट लगने से एक्सरे मशीन में करंट आ गया। सुबह नौ बजे फ्यूज से चिंगारी उठने के साथ ही अफरातफरी का माहौल हो गया। एक्सरे हाउस के सामने लगभग 15 मरीज अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे, जबकि लगभग 50 मरीज उस समय अस्पताल में इलाज करा रहे थे। सभी मरीज व परिजन उस समय भयभीत हो गए।
Total Downloads: 81
जानकारी के मुताबिक, सुबह नौ बजे डेंटल ओपीडी के सामने सीढ़ी के बगल में लगे स्विच बोर्ड में अचानक से स्पार्क हुआ। इसके बाद आग व धुआं उठने लगा। इसके बाद ह्रदय व मधुमेह, एएनसी व डेंटल की ओपीडी और एचआईवी रूम के सामने कतार में लगे मरीज भागने लगे। ओपीडी में बैठे डॉक्टर, कर्मचारी व नर्स बिल्डिंग के बाहर निकल गईं।
स्पार्क हुआ तो इसकी जद में एक्सरे रूम में रखे मशीन में करंट उतर गया। इस कारण ओपीडी व एक्सरे जांच आधे घंटे के लिए बंद कर दिया। इसके बाद शार्ट-सर्किट वाले स्थान को कुर्सी-बांस से घेरकर खतरे का नोटिस लगा दिया। बिजली मेंटेनेंस से जुड़े एक व्यक्ति ने बताया कि बीते दो माह में छह बार हेल्थ मैनेजर से फ्यूज बदल को कहा, लेकिन उनरी सुनी नहीं गयी।

लापरवाहियों के गढ़ में मरीजों का इलाज मजबूरी
ऐसा नहीं है कि इस तरह की घटना सदर अस्पताल में पहली बार हुआ। इससे पहले 21 जून 2018 को ओपीडी बिल्डिंग में लगे स्विच बोर्ड में शार्ट सर्किट हो गया था। विस्फोट के बाद फ्यूज दो टुकड़े में बंट गए थे। तत्काल लाइन काटी गयी थी। इसके पूर्व अपनी पुत्रवधू की डिलेवरी करानी आयी महिला के बेड के बगल में सदर अस्पताल के छत का प्लास्टर टूटकर गिर गया था। यही नहीं, 23 जून को सुबह 11 बजे सदर अस्पताल का गुंबद गिर गया था।

