रंगरा थानाध्यक्ष पर 8 दिसंबर को जब्त किए गए 60 ओवरलोड ट्रकों में 50 को बिना किसी आदेश के छोड़ने की ग्रामीणों की शिकायत पर एसडीओ मुकेश कुमार ने जांच के बाद इसे सही पाया है। इससे संभावना जताई जा रही है कि थानाध्यक्ष सहित इसमें शामिल अन्य पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई होगी। दरअसल, एसडीओ के निर्देश पर सीओ व थानाध्यक्ष के नेतृत्व में एनएच 31 पर ओवरलोड वाहनों के आवागमन रोकने के लिए कदवा ओपी के फोरलेन, रंगरा थाना क्षेत्र में चेकिंग अभियान लगाया गया था। इस दौरान रंगरा थाना क्षेत्र के चेकपोस्ट पर 9 ओवरलोड ट्रक एनएच 31 पर 51 ट्रकों को जब्त किया गया था।
Total Downloads: 116
लेकिन उसी दिन रात में रंगरा थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह ने 10 वाहनों के अलावा बाकी को बिना किसी वरीय अधिकारी के आदेश दिए छोड़ दिया था। थानाध्यक्ष द्वारा सिर्फ दस ट्रकों के ही जब्त किए जाने की सूची प्रशासन को दी थी। इसके बाद स्थानीय लोगों ने इसकी शिकायत एसडीओ को आवेदन देकर किया था। अब इस मामले में प्रशासन थानाध्यक्ष पर सख्त कार्रवाई के मूड में है।

इस बात की चर्चा सोमवार को आमलोगों के बीच भी हो रही थी।
एसपी निधि रानी ने कहा कि इस संबंध में मुझे जानकारी नहीं है। उस समय मैं छुट्टी पर थी। अगर इस तरह की बात है तो वे अपने स्तर से भी मामले की जांच करेंगी। अगर इस मामले में एसडीएम को आवेदन दिया गया है और उनके द्वारा मामले की जांच की गई है तो उनके स्तर से ही कार्रवाई होगी।
रंगरा चेकपोस्ट के एसआई ने एसडीओ को सौंपी रिपोर्ट
इस मामले की जांच में रंगरा चेक पोस्ट पर तैनात एसआई रमाशंकर सिंह द्वारा आवेदन भी प्राप्त हुआ। रामशंकर सिंह ने बताया है कि जांच के दौरान 60 वाहनों को पकड़ा गया था। लेकिन पुलिस ने दस ट्रक को छोड़ सभी ट्रकों को छोड़ दिया। इसके बाद कुछ ट्रक चालक भी चेक पोस्ट पर हंगामा करने लगे। जिसे समझा बुझा कर शांत किया गया था। इस संबंध में जब रंगरा ओपी प्रभारी से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि एसडीओ साहब के द्वारा सिर्फ दस गाड़ी को जब्त किए जाने का आदेश दिया गया था। रंगरा चेक पोस्ट के एसआई रमाशंकर सिंह ने कहा कि इस मामले में एसडीओ ने लिखित रिपोर्ट मांगी थी, जिसे सौंप दिया गया है।

