नवगछिया – नवगछिया अनुमंडल में कोरोना रोगियों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है. अब नवगछिया में कोरोना रोगियों की संख्या 112 हो गयी है. अब तक नवगछिया अनुमंडल में 2500 से अधिक लोगों की जांच हो चुकी है. सुखद सूचना है कि यहां मिलने वाले कोरोना रोगियों में 80 रिकवरी रेत 80 फीसदी है. मतलब 80 फीसदी लोग ठीक हो कर अपने घरों में है. जबकि दूसरी सूचना यह है कि अब अनुमंडल के लोगों को खास सावधानी और सतर्कता की जरूरत है. क्योंकि अब वैसे भी लोगों को कोरोना पॉजीटिव पाये जा रहे हैं जिनका न तो कोई ट्रेवल हिस्ट्री है न ही वे अपनी जानकारी से किसी कोरोना पॉजीटिव के संपर्क में आये. जानकार बता रहे हैं कि लॉक डाउन लगभग समाप्त है.
हर जगह लोग बिना डिस्टेंसिंग के आ – जा रहे हैं. जबकि अभी ऐसा समय आ गया है कि कौन कोरोना पॉजीटिव खुले आम घूम रहा है यह आपको पता भी नहीं है. ऐसी स्थिति में नवगछिया के लोगों को खास सतर्कता और सावधानी बरतने का समय है. चिकित्सक मान रहे हैं कि अब कोरोना पॉजिटिव लोगों का चेन मिलने लगा है. खरीक में रविवार को सामने आए संक्रमित व्यक्तियों में दो लोगों कि ट्रेवल हिस्ट्री नहीं है. दोनों ऐसे लोग हैं जो बिना जानकारी के किसी कोरोना पॉजीटिव के संपर्क में आये और शक या लक्षण सामने आने पर अपना जांच करवाया तो रिजल्ट पॉजीटिव आया.

सावधानी को अपने दैनिक दिनचर्या में शामिल करें
सावधान रहिये, सतर्क रहिये, हो सकता है आपके दुकान पर आने वाला कोई ग्राहक संक्रमित हो, हो सकता है आपके बगल में ही सब्जी खरीद रहा व्यक्ति कोरोना पॉजीटिव हो, हो सकता है आप जिस महफिल में जा रहे हैं वहां कोई कोरोना पॉजीटिव भी जानकारी के आभाव में आमंत्रित हो गया हो तो ऐसी स्थिति में आप निश्चित रूप से संक्रमित हो कर घर आ जाएंगे और पूरे घर को संक्रमित करने के जुगाड़ में अनजान हो कर लग जाएंगे. ऐसी स्थिति में मास्क जरूर पहनें, हैंड सैनिटाइजर अपने पास रखें और बार बार उसका उपयोग करें. घर आयें तो कपड़े खोल कर अच्छी तरह से मुंह हाथ धो लें. बहुत जरूरी हो तभी घर से निकलें. लोग रोजी रोटी के लिये अपना काम तो करें ही लेकिन सतर्कता और सावधानी को अपने दैनिक दिनचर्या में शामिल करें.
कहते हैं पदाधिकारी
नवगछिया अनुमंडल अस्पताल के उपाधीक्षक एके सिन्हा ने कहा कि नवगछिया में सैम्पलिंग जांच बढ़ाया गया है. नवगछिया का रिकवरी रेत 80 फीसदी से भी अधिक है. अब पीएचसी में भी जांच की व्यवस्था की गयी है. उन्होंने कहा कि यहां कोरोना कम्युनिटी स्तर पर मिलने लगा है. ऐसी स्थिति में लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है और नेचुरल तरीके से अपने रोग प्रतिरोधक बढ़ाने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि लोग अच्छा और पौष्टिक आहार लें और जरूरत पड़े तो किसी चिकित्सक के सलाह पर आयुर्वेद या एलोपैथ में दवाइयां भी ले सकते हैं.


