भाजयुमो के जिला उपाध्यक्ष सुगंध झा उर्फ सिकिया झा (सरधो, सबौर) पर उस समय अपराधियों ने गोली चलायी जब वह अपने मित्र की फैक्टरी से लौट रहे थे। तभी पता पूछने के बहाने अपराधियों ने उनकी कार को रोका और गोली चला दी। गोली उनके बायें हथेली में लगी है। मायागंज अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टरों ने खतरे से बाहर बताया है। सुगंध झा ने जीरोमाइल थाने में बाइक सवार तीन अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कराया है।
जख्मी का दावा है कि लोकसभा चुनाव में उन्हें भाजपा की ओर से भागलपुर लोकसभा का टिकट मिलने वाला है। इस कारण पार्टी में उनके कई विरोधी पैदा हो गए हैं और उन्हीं विरोधियों ने उनकी हत्या की साजिश रची है। दो माह से उसकी रेकी की जा रही थी। भाड़े को शूटरों को भेज कर हमला करवाया है। अपराधी मेरी हत्या के लिए आए थे, लेकिन अपने मकसद में कामयाब नहीं हो पाए। पुलिस मामले को संदिग्ध मान रही है। हथेली पर गोली का जख्म है या किसी दूसरे चीज का, इस बारे में डॉक्टरों से पुलिस ने मंतव्य मांगा है। घटनास्थल के पास गोली चलने की बात की पुष्टि नहीं हो रही है। मामले की जानकारी पाकर सिटी डीएसपी राजवंश सिंह, जीरोमाइल थानेदार रंजन कुमार अस्पताल पहुंच मामले की जांच की।

गोली लगने से जख्मी भाजयुमो के जिला उपाध्यक्ष सुगंध झा और घटना के चश्मदीद ड्राइवर विकास (धारीदार शर्ट में) व रिश्तेदार दिलीप झा।
पिस्टल पकड़ लिया, इसलिए हाथ में लगी गोली
सुगंध झा ने बताया कि विकास कार ड्राइव कर रहा था और वह आगे की सीट पर बैठे थे। पीछे रिश्तेदार दिलीप झा बैठे थे। मीराचक चौक के पास बाइक सवार तीन युवकों ने कार रोक कर मीराचक का पता पूछा। इसी बीच पीछे बैठे बाइक सवार ने पिस्टल निकाल कर तान दिया। मैंने पिस्टल को पकड़ लिया, इस कारण हाथ में गोली लगी। अपराधियों को पहचान नहीं पाए। विकास और दिलीप झा घटना के चश्मदीद हैं। गोली लगने के बाद सुगंध झा ने घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को नहीं दी। जबारीपुर स्थित पैराडाइज होटल में पार्टी की बैठक में घायलावस्था में पहुंच गए। तब वहां से बरारी थानेदार को फोन कर घटना की जानकारी दी गई। इस कारण पुलिस मामले को संदिग्ध मान रही है।
दागदार छवि रही है सुगंध झा की

भाजयुमो नेता की दागदार छवि रही है। सूत्रों ने बताया कि ये जिला परिषद का चुनाव भी लड़े थे, लेकिन उसमें हार गए थे। दिसंबर 2011 में हथियार के साथ कोतवाली इलाके में पकड़े गए थे। सुगंध के अलावा अरुण झा उर्फ राजकुमार, मांगन ठाकुर, रमण झा उर्फ रोमी झा व रतन कुमार झा को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया था। सभी कोतवाली इलाके के रतन संथालिया के चित्रकूट अपार्टमेंट के पास हथियार लेकर जुटे थे। तत्कालीन कोतवाली इंस्पेक्टर के बयान पर केस दर्ज किया गया था।
नागालैंड से लिया था लाइसेंस लेकिन हथियार कहां गया?
पुलिस की जांच में आया कि सुगंध झा ने नागालैंड से आर्म्स का लाइसेंस लिया है। लेकिन पुलिस ने जब पूछा कि हथियार कहां है तो बताया गया कि घटना के समय उसके पास नहीं था। जबकि पुलिस का कहना है कि सुगंध के पास हथियार भी था। जांच में यह भी पता चला कि जमीन कारोबार में पार्टनर से विवाद के कारण इन्हें निशाना बनाया गया है। गोली लाइसेंसी पिस्टल से चली है। लेकिन वह पिस्टल किसकी थी, इसका पता नहीं चल पाया है। पुलिस ने सुगंध के कार की भी जांच की, लेकिन उसमें गोली का निशान नहीं मिला। चर्चा है कि खुद के पिस्टल से सुगंध को गोली लगी है। नागालैंड के आर्म्स लाइसेंस की भी पुलिस जांच कर रही है। इस लाइसेंस के फर्जी होने की आशंका है। अगर लाइसेंस फर्जी निकला तो सुगंध झा पर केस भी दर्ज हो सकता है। जख्मी भाजयुमो नेता जमीन के कारोबार से जुड़े हैं। बसंत बिहार रियल इस्टेट नामक कंपनी बना कर भागलपुर, बांका और देवघर में जमीन की खरीद-ब्रिकी व घर बेचने का काम करते हैं।


