खरीक : कोसी नदी के जलस्तर में कमी होने के साथ चोरहर में कोसी कटाव ने रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है.कोसी नदी के भीषण कोसी कटाव से एक दर्जन लोगों का घर ध्वस्त होकर कोसी में समा गया.पचास से अधिक लोगों का घर कटाव के मुहाने पर है.जिन लोगों का घर कोसी में समा गया उनमें रामचंद्र,मिस्त्री सरयुग पंडित,शंकर मिस्त्री,मनोज शर्मा जय प्रकाश शर्मा जलधर पंडित सरयुग पंडित.समेत एक दर्जन से अधिक कटाव पीड़ित शामिल है.
शनिवार को उस समय अचानक प्रलयकारी कोसी कटाव का तांडव शुरू हो गया जब लोग रात में अपने घरों में आराम फरमा रहे थे.महिलाएं और अन्य लोग घरों में थे.उसी समय अचानक भीषण कटाव लग गया.घर की सतह की जमीन खिसकने लगी.अफरातफरी मवह ग़यी.लोग बड़ी मुशील से जान बचा घर से बाहर निकले. कटाव इतना तेज है कि बड़ी-बड़ी मिट्टी की चट्टानें आवासीय घरों को समाहितकर कोसी में समा रहा है.


कटाव तेज होने से ग्रामीणों में दहशत कटाव तेज हो जाने से लोगों में दहशत है.घरों से निकलकर लोग रतजगा कर रहे हैं.कटाव की विभीषिका से जूझ रहेकटाव पीड़ित अब आशियाना गवाने के भय से सहमे हुए है. कटाव के मुहाने पर पचास लोगों का घर चोरहर में कोसी कटाव तेज हो जाने सेएक दर्जन घर कोसी में समा गए और तकरीबन 50 लोगों का घर कटाव के मुहाने पर है. कटाव भयावह खौफ से इन घरों के गृह स्वामी अपने अपने घरों से निकलकर रतजगा कर रहे हैं.
क्या करते हैं ग्रामीण
चोरहर के कटाव पीड़ित रामचंद्र मिस्त्री शंकर मिस्त्री मनोज जयप्रकाश जालंधर सरयुग समेत ग्रामीण राजेश पंडित सिंटू कुमार मंटू कुमार विश्वपुरिया वेदानंद यादव का कहना है कि चोरहर के समीप भीषण कटाव शुरू हो गया है. एक दर्जन लोगों का घर कोसी में समा गया हम लोगों का दर्द सुनने वाला कोई नहीं है पदाधिकारी को फोन कर रहे हैं पदाधिकारी सुन नहीं रहे हैं. 50 घर कटाव के मुहाने पर है.इन लोगों के घर कभी भी ध्वस्त होकर खुशी में समा सकते हैं. नदी तट कटाव से चोरहर के घरों की ओर बढ़ता जा रहा है.कुछ फीट की दूरी पर अन्य घर बचा है.अन्य घर के आगे की जमीन ध्वस्त होकर खुशी में समा रही है.

घनी आबादी है.कटाव तेज हो जाने से कभी भी अन्य लोगों का घर समान सहित ध्वस्त हो कर कोसी में समा सकता है. ऐसी स्थिति में सतर्कता ना बरती गई तो लोगों की जान भी जा सकती है. पूर्व में भी विभाग को सूचित किया गया.लेकिन जल संसाधन विभाग के अभियंता और पदाधिकारी चोरहर के प्रति उदासीन है.नतीजा कटाव शुरू हो गया. लोगों के घर दोस्त होकर कोसी में समाने लगे.ग्रामीणों के ध्यानाकर्षण पर यदि विभाग चेत गया होता तो अभी यह स्थिति उत्पन्न नहीं होती.अविलंब कटाव को नहीं रोका गया तो स्थिति भयावह हो सकती है.जान-माल की क्षति भी हो सकती है. इन लोगों का घर कट गया उन्हें प्रशासन अविलंब मुआवजा दें.
क्या कहते हैं अधिकारी
खरीक अंचलाधिकारी विनय शंकर पंडा ने कहा जल संसाधन विभाग के पदाधिकारियों को सूचित किया गया है.अविलंब बचाव कार्य शुरू होगा. जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता अनिल कुमार ने कहा स्थल का मुआयना कर बचाव कार्य किया जाएगा


