नवगछिया। इस्माईलपुर-बिंद टोली में गंगा नदी के जलस्तर में वृद्धि के साथ स्पर संख्या छह पर धंसान जारी रहने से जल संसाधन विभाग के अभियंताओं के हाथ-पांव फूलने लगे हैं। दर्जनों ठेकेदारों द्वारा बांस का बंडल डालकर धंसान को रोकने का प्रयास किया जा रहा है। एक तरफ बांस का बंडल व बालू भरी बोरियां डाली जा रही है तो कुछ देर बाद गंगा नदी की तेज धार में करवाया गया कार्य बह जा रहा है।
जलस्तर में वृद्धि होने के कारण विभागीय अभियंताओं के समक्ष तटबंध को स्पर संख्या छह के निकट बचाना चुनौती से कम नहीं है। हालांकि मुख्य अभियंता ई राजेन्द्र मेहता, बाढ़ संघर्षात्मक बल के अध्यक्ष ई महेन्द्र प्रसाद, अधीक्षण अभियंता लगातार कैंपकर अपनी निगरानी में रिस्टोरेशन का कार्य करवा रहे हैं।


तटबंध में अनियमितता की शिकायत पर दो सदस्यीय उड़नदस्ता टीम ने की जांच
इस्माईलपुर से जाह्नवी चौक तक 10 किलोमीटर लंबा तटबंध निर्माण कार्य में अनियमितता होने को लेकर जल संसाधन विभाग द्वारा गठित 2 सदस्यीय उड़नदस्ता टीम ने सोमवार को जांच की। इस मौके पर अनियमितता की शिकायत करने वाले इस्माईलपुर के जिला परिषद सदस्य विपिन मंडल स्थानीय ग्रामीणों के साथ मौजूद थे। जानकारी के अनुसार जिला परिषद सदस्य में तटबंध निर्माण में मिट्टी से अधिक बालू का कार्य करने एवं कई तरह की शिकायत जल संसाधन विभाग के प्रधान सचिव से लेकर के बिहार सरकार के मुख्यमंत्री तक को लिखित आवेदन देकर किया था। जिस पर विभाग के वरीय पदाधिकारी के निर्देश पर उड़नदस्ता के कार्यपालक अभियंता वरुण कुमार के नेतृत्व में दो सदस्यीय टीम भेजकर जांच करायी। जांच टीम अपनी रिपोर्ट वरीय अधिकारी को सौंपेगी।

