भागलपुर : अब जिले में संचालित निजी स्कूलों की मनमानी नहीं चलेगी। जिस हिसाब से स्कूल प्रबंधन द्वारा बच्चों का शुल्क निर्धारित कर दिया गया है। उस मानक पर उन्हें शैक्षणिक सुविधा दी जा रही है अथवा नहीं। इसका भी राज्य सरकार मूल्यांकन करेंगी।
इस कड़ी में निदेशक प्रारंभिक शिक्षा ने डीपीओ सर्वशिक्षा अभियान को पत्र प्रेषित कर निजी स्कूलों में दाखिल छात्रों की संख्या एवं उसके पास उपलब्ध संसाधनों का एक सप्ताह में रिपोर्ट मांगा है। ताकि सरकार के स्तर पर उसका मूल्यांकन किया जा सके। इसके अलावा कक्षा एक से आठ में आरटीई के तहत 25 फीसद गरीब बच्चों का दाखिला हुआ है अथवा नहीं इसकी सूची तत्काल उपलब्ध करने का निर्देश दिया गया है।

इधर डीपीओ सर्वशिक्षा उच्चाधिकारी के उक्त दोनों निर्देश का यथाशीघ्र अनुपालन की दिशा में जिले के सभी प्रखंड शिक्षा अधिकारी को पत्र जारी कर रिपोर्ट जल्द जमा करने को कहा है। इधर जिला शिक्षा पदाधिकारी मधुसूदन पासवान ने कहा कि सरकार शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने की दिशा में लगातार प्रयासरत है। इसी दिशा में निजी स्कूलों की मनमानी पर भी शिकंजा कसने की तैयारी शुरू कर दी है।


