भागलपुर: उत्तर प्रदेश और झारखंड में लगातार हो रही बारिश का असर अब बिहार की प्रमुख नदियों पर भी साफ दिखाई देने लगा है। पिछले 24 घंटों के दौरान पटना से लेकर कहलगांव तक गंगा के जलस्तर में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वहीं नवगछिया क्षेत्र की ओर बहने वाली कोसी नदी का जलस्तर भी बढ़ने लगा है, जिससे दियारा और निचले इलाकों के लोगों की चिंता बढ़ गई है।
केंद्रीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष और जल संसाधन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार सोमवार को दीघा घाट पर गंगा का जलस्तर 20 सेंटीमीटर, गांधीघाट में 18 सेंटीमीटर, हाथीदह में 4 सेंटीमीटर, मुंगेर में 36 सेंटीमीटर, भागलपुर में 16 सेंटीमीटर तथा कहलगांव में 14 सेंटीमीटर बढ़ा है।
दियारा क्षेत्रों में बढ़ी चिंता
जलस्तर में वृद्धि का असर अब मैदानी और दियारा क्षेत्रों में भी दिखाई देने लगा है। निचले इलाकों के खेतों में लगी फसलें पानी की चपेट में आने लगी हैं। फिलहाल लत्तीदार और निचली फसलें प्रभावित हो रही हैं, लेकिन यदि जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो तटबंधों के किनारे लगी अन्य फसलों को भी नुकसान पहुंच सकता है।

कोसी नदी में भी बढ़ा जलस्तर
जल संसाधन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार खगड़िया के बलतारा में कोसी नदी का जलस्तर 8 सेंटीमीटर और कटिहार के कुरसेला में 12 सेंटीमीटर बढ़ा है। नवगछिया के लोकमानपुर और मदरौनी क्षेत्र में भी नदी का बहाव तेज हो गया है, जिससे स्थानीय लोग सतर्क हो गए हैं।
अभी खतरे के निशान से नीचे, लेकिन बढ़ने का रुख
विभागीय रिपोर्ट के मुताबिक बक्सर को छोड़कर फरक्का तक लगभग सभी गेज स्टेशनों पर गंगा का जलस्तर बढ़ने की प्रवृत्ति बनी हुई है। हालांकि सभी स्थानों पर नदी अभी खतरे के निशान से नीचे बह रही है।
भागलपुर गेज स्टेशन पर गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 6.98 मीटर नीचे है, जबकि कहलगांव में यह 5.22 मीटर नीचे दर्ज किया गया है। पटना के दीघा में जलस्तर खतरे के निशान से 6.79 मीटर और गांधीघाट में 5.14 मीटर नीचे है। वहीं मुंगेर में जलस्तर खतरे के निशान से 7.94 मीटर तथा हाथीदह में 6.93 मीटर नीचे दर्ज किया गया है। फरक्का में भी गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 6.32 मीटर नीचे है, लेकिन सभी स्थानों पर जलस्तर बढ़ने की प्रवृत्ति बनी हुई है।
प्रशासन ने नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए हालात पर लगातार नजर बनाए रखी है। यदि ऊपरी क्षेत्रों में बारिश जारी रही तो आने वाले दिनों में जलस्तर में और बढ़ोतरी होने की संभावना जताई जा रही है।

