रंगरा। कोसी नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज कटाव ने रंगरा प्रखंड में रातभर में तबाही का नया खतरा खड़ा कर दिया। पानी के लगातार बढ़ते दबाव के बीच बनिया पुरानी रेलवे बांध और रंगरा का कलबलिया बांध टूट गया। दोनों बांधों के टूटने के बाद कोसी का पानी तेजी से आसपास के गांवों की ओर फैलने लगा। इससे करीब 10 हजार की आबादी के बाढ़ प्रभावित होने की स्थिति बन गई है।
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बांध टूटने के बाद निचले इलाकों में पानी तेजी से फैल गया। कई घरों के आंगन, रास्तों और आसपास के इलाकों में बाढ़ का पानी पहुंच गया है। अचानक पानी बढ़ने से ग्रामीणों के सामने सुरक्षित स्थान पर जाने के साथ-साथ घरों में रखे जरूरी सामान को बचाने की चुनौती खड़ी हो गई है।
रात में अचानक टूटा बांध, लोगों को नहीं मिला संभलने का मौका
ग्रामीणों के अनुसार, दोनों बांधों पर पहले से ही कटाव और पानी का दबाव बना हुआ था। कोसी के जलस्तर में लगातार वृद्धि के कारण बांध कमजोर होता चला गया। रात में अचानक बांध का हिस्सा टूट गया और देखते ही देखते पानी आबादी की ओर तेजी से बढ़ने लगा।

पानी के तेज बहाव के कारण आसपास के गांवों में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। कई परिवार रात में ही अपने जरूरी सामान और मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने में जुट गए।
घरों में घुसा पानी, रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित
बाढ़ का पानी बढ़ने से गांवों में लोगों की परेशानी लगातार बढ़ रही है। निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों के घर, आंगन और रास्ते जलमग्न हो गए हैं। गांवों के बीच आवागमन भी प्रभावित होने लगा है।
बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को लेकर परिवारों की चिंता बढ़ गई है। लोगों के सामने सबसे बड़ी समस्या पीने के पानी, भोजन, पशुओं के चारे और सुरक्षित स्थान की है। पानी के कारण रोजमर्रा के काम भी प्रभावित हुए हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांगी तत्काल राहत
बांध टूटने के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल बचाव दल और नाव उपलब्ध कराने की मांग की है। इसके अलावा प्रभावित परिवारों के लिए भोजन, पीने का पानी, जरूरी राहत सामग्री, पशुओं के लिए चारा और मेडिकल टीम भेजने की मांग की गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि कोसी का जलस्तर और पानी का दबाव इसी तरह बढ़ता रहा तो बाढ़ का दायरा और बढ़ सकता है। ऐसे में समय रहते बचाव और राहत कार्य शुरू करना जरूरी है। बांध टूटने के बाद अब प्रभावित गांवों के लोगों की नजर प्रशासन की राहत एवं बचाव कार्रवाई पर टिकी है।
