ऋषव मिश्रा कृष्णा, नवगछिया : नवगछिया अनुमंडल 46 वर्ष का हो गया है. 24 नवंबर 1972 को नवगछिया अनुमंडल का सृजन हुआ था. 46 वर्षों में नवगछिया कई बदलाव का साक्षी बना. कुछ वर्ष पहले ही नवगछिया बदनाम किस्सों के लिए चर्चित था लेकिन आज नवगछिया बदनाम किस्सों के लिए नहीं वरन बदलावों के लिए चरचा में है. इन 46 वर्षों में नवगछिया अनुमंडल से कई उपलब्धियां जुड़ी लेकिन तेज विकास के लिए नवगछिया जिला बनने का पूरा हक रखता है. मालूम हो कि सन 1972 में अनुमंडल बनने के बाद 1992 में नवगछिया में अपराध को देखते हुए इसे पुलिस जिला बनाया गया. नवगछिया अनुमंडल के लोगों की मानें तो अनुमंडल और पुलिस जिला बनने के इतने वर्षों के बाद भी जिसरफ्तार से नवगछिया का विकास होना चाहिए उस रफ्तार से नवगछिया का विकास नहीं हुआ.
Total Downloads: 102
नवगछिया एक नजर
प्रखंड : सात
नगर पंचायत : एक
विधानसभा : दो
थाना : 15
पंचायत : 71
जनसंख्या : करीब पांच लाख
मुख्य फसल : गेहूं, मक्का, केला
भाषा : अंगिका, हिंदी
कैसे नाम पड़ा नवगछिया
नवगछिया का वास्तविक नाम नौगछिया हुआ करता था. अनुमंडल के कुछ बुर्जुग बताते हैं कि नवगछिया में नौ वृक्षों की इलाके में चरचा थी. इसलिए इसका नाम नौगछिया पड़ा जो बाद में नवगछिया हो गया. कुछ बुर्जुग यह भी बताते हैं कि जब गंगा पार में अनुमंडल बनाने की बात आयी तो सबसे पहले बिहपुर का नाम चरचा में आया लेकिन वहां पर्याप्त जमीन नहीं रहने के कारण इसे नवगछिया शिप्ट किया गया.

1857 से मिलता है प्रमाणिक इतिहास
सिपाही विद्रोह के समय से ही नवगछिया का प्रमाणिक इतिहास मिलता है. जबकि लोककथाओं में 16 वीं सदी से लेकर अब तक का इतिहास मिलता है. नवगछिया का बिहपुर और नारायणपुर प्रखंड ऐतिहासिक महत्ता वाला प्रखंड रहा है तो नवगछिया के नवगछिया नगर, गोपालपुर, बिहपुर, खरीक, रंगरा आदि प्रखंडों के लोगों ने स्वतंत्रता आंदोलन में अपनी महती भूमिका निभायी थी.

कुछ खास उपलब्धि
करीब 18 वर्ष पहले बने विक्रमशिला सेतु, इसी वर्ष चालू हुए बाबा बिशु राउत सेतु नवगछिया के लिए खास उपलब्धि मानी जाती है. विक्रमशिला सेतु बन जाने के बाद नवगछिया विकास के मुख्यधारा से जुड़ा तो नवगछिया का कोसी और सीमांचल से जुड़ जाना भी आये दिन बदलाव की नई परिभाषा लिखेगा तो दूसरी तरफ बिहपुर वीरपुर एनएच 106 बन जाने के बाद नवगछिया के सभी इलाकों का सम्यक रूप से विकास होगा.

वर्षों से लंबित है जिला बनाने की मांग
नवगछिया को जिला बनाने की मांग वर्षों से लंबित है. क्षेत्रफल और जनसंख्या और राजस्व के हिसाब से नवगछिया जिला बनने का पूरा हक रखता है. बिहार में नवगछिया से भी क्षेत्रफल और जनसंख्या में छोटे जगहों को जिला का दर्जा दिया गया है. इस मुद्दे पर सभी राजनीतिक दल एक है. सभी दलों के लोग समय समय पर इस मांग को लेकर संघर्ष करते रहे हैं.

