हाईस्कूल व प्लस टू स्कूलों में 20 हजार से शिक्षकों की नियुक्ति होगी। समान काम समान वेतन मामले पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद शिक्षा विभाग नए सिरे से जिलों से जल्द उच्च और उच्चतर माध्यमिक स्कूलों में विषयवार शिक्षकों की रिक्ति मांगेगा। सभी जिलों से रिक्ति आने पर यह संख्या 20 हजार से अधिक भी हो सकती है। गणित, विज्ञान, अंग्रेजी, संस्कृत व हिंदी सहित विभिन्न विषयों के शिक्षकों की जिलों से रिक्ति आने के बाद पदवर्ग समिति को भेजी जाएगी। माना जा रहा है नियोजन इकाई की जगह केंद्रीयकृत तरीके से बहाली हो सकती है।
2017 में शिक्षक दिवस पर मुख्यमंत्री ने केंद्रीकृत तरीके से बहाली की प्रक्रिया पूरी करने की बात कही थी। विद्यालय शिक्षक चयन आयोग के माध्यम से भी नई बहाली हो सकती है। विश्वविद्यालयों में शिक्षकों की नियुक्ति के लिए जिस प्रकार विवि सेवा आयोग का गठन किया जा रहा है, उसी प्रकार विद्यालय शिक्षक चयन आयोग गठन की बात हो रही है। गणित और विज्ञान के शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए बीटेक डिग्रीधारी इंजीनियर को शिक्षक बनाने पर विचार हो रहा है। बीटेक के साथ एमएमसी डिग्रीधारी को शिक्षक बनने के लिए विशेष छूट दी जा सकती है।

पांचवें चरण से जल्द हाईस्कूलों में शिक्षकों का होगा नियोजन
2017 में हाईस्कूल में शिक्षकों को समान काम समान वेतन मामले में फैसले के बाद पांचवें चरण का हाईस्कूलों में शिक्षकाें का नियोजन रोक दिया गया था। अब सुप्रीम कोर्ट से निर्णय आने के बाद पांचवें चरण के तहत जिला परिषद, नगर निकाय नियोजन इकाई के तहत माध्यमिक व उच्च माध्यमिक शिक्षक के पद पर नियोजन के लिए दिए गए आवेदन के आधार पर नियोजन होगा। शिक्षा विभाग जल्द ही नियोजन कार्यक्रम जारी करेगा। मधेपुरा, सुपौल सहित लगभग 12 जिलों में पांचवें चरण के तहत नियोजन बाधित रह गया था।

चार जून तक सभी शिक्षकों काे दें वेतन
पटना|4 जून तक नियमित और नियोजित सभी शिक्षकों का वेतन भुगतान नहीं होने पर संबंधित जिला शिक्षा पदाधिकारी पर कार्रवाई होगी। इस संबंध में शिक्षा विभाग के डिपार्टमेंट ऑफिस एडमिन सह अपर सचिव गिरिवर दयाल सिंह ने सभी डीईओ को पत्र लिखा है। जिलाें से कहा गया है कि इंप्लाई डाटा अपडेशन कर शत-प्रतिशत कर्मियों का मार्च, अप्रैल और मई का वेतन भुगतान िकया जाए।

किसी कर्मी का डाटा अपडेशन अाैर वेतन भुगतान का काम 4 जून तक लंबित पाया गया तो जिला शिक्षा पदाधिकारी और जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) को दोषी मानते हुए कार्रवाई की जाएगी। नियोजित शिक्षकों एवं गैर सरकारी मदरसा शिक्षक या शिक्षकेतर कर्मियों का भी वेतन भुगतान 4 जून तक कराना है। विभाग ने कहा है कि लापरवाह अधिकारियाें पर कार्रवाई होगी। जिला स्तरीय वेतन भुगतान की स्थिति प्रतिदिन शाम 4 बजे तक निश्चित रूप से ई-मेल cfmsbihar.education@gmail.com पर या सीएफएमएस के वाट्सएप ग्रुप में एक्सेल सीट में उपलब्ध कराएं।


