नवगछिया: गंगा अाैर काेसी नदी के जलस्तर में कमी के बावजूद तटबंधाें पर दबाव बरकरार है। नवगछिया में गंगा जलस्तर में पिछले 12 घंटे में 8 सेमी की कमी आई है। लेकिन नदी का जलस्तर अब भी खतरे के निशान से 140 सेमी ऊपर है। नवगछिया में कई तटबंधों पर कटाव जारी है।
इस्माइलपुर-बिंदटोली स्पर नौ व छह एन के पास अभी भी कटाव जारी है। जल संसाधन विभाग की टीम तटबंध को बचाने में जुटी है। कटाव को देख तटवर्ती गांव के लोगों में दहशत बना हुआ है। वहीं बिहपुर के नरकटिया-नन्हकार बांध पर भी कटाव नहीं रुक रहा है। यहां की स्थिति भयावह है। बांध के नदी में काटकर समाने के बाद नरकटिया के दर्जनों लोगों के घर कटाव के मुहाने पर हैं। इधर, गोंसाईंगांव जमींदारी बांध पर भी खतरा मंडरा रहा है।


बांधों पर शरण लिए पीड़ितों को नहीं मिल रहा शुद्ध पानी
नवगछिया अनुमंडल के 75 गांव की डेढ़ लाख आबादी बाढ़ की विभीषिका झेल रही है। बांधों व सड़कों के किनारे शरण लिए पीड़ितों को पका भोजन तो दूर पीने को शुद्ध पानी भी नहीं मिल रहा है। शौचालय की व्यवस्था नहीं होने से उन्हें परेशानी हो रही है। हालांकि प्रशासन की ओर से पीड़ितों के लिए सामुदायिक किचन की व्यवस्था की गई है। लेकिन सैकड़ों लोगों को अब भी भोजन नहीं मिल रहा है। इसका मुख्य कारण जहां बाढ़ पीड़ित रह रहे हैं वहां से किचन की दूरी दो से तीन किलोमीटर है। इलाके में जलजमाव के कारण लोग बीमार हो रहे हैं।
अब तक स्वास्थ्य शिविर की व्यवस्था भी नहीं हुई है। सबसे बदतर हालात इस्माइलपुरव रंगरा प्रखंड के बाढ़ पीड़ितों का है। वरीय उप समाहर्ता मनीष कुमार ने शुक्रवार को गोपालपुर प्रखंड के राहत शिविर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पचगछिया मिडिल स्कूल स्थित प्रखंड के कैंप कार्यालय में अफसरों के साथ बैठक कर राहत कार्यों की समीक्षा की व आवश्यक निर्देश दिए।

इस्माइलपुर बिंदु टोली के स्पर संख्या आठ पर रह रहे कमलाकुंड, बिंद टोली गांव के पीड़ितों को अब तक प्लास्टिक सीट मुहैया नहीं कराई गई है। सुकटिया बाजार, तिनटेंगा, गोपालपुर डिमहा के बाढ़ पीड़ितों के लिए ऊंचे स्थानों पर शौचालय की व्यवस्था करने की मांग की। इधर कहलगांव के प्रभावित इलाके का जायजा जिले से आए अफसरों ने ली।

