ठगी का शिकार एक महिला ने डिप्रेशन में आकर घर से 5 किमी. दूर जहर खाकर आत्महत्या कर ली। घटना मंगलवार की सुबह विक्रमशिला पहुंच पथ के पास तेतरी जीरोमाइल की है। सुबह 10 बजे कुछ ग्रामीणों ने उसे सड़क किनारे बेहोशी की हालत में देखा। महिला के कपड़े अस्त-व्यस्त थे। इसके बाद ग्रामीणों ने नवगछिया पुलिस को इसकी सूचना दी। सूचना पर पुलिस पहुंची और उसे इलाज के लिए नवगछिया अनुमंडल अस्पताल ले गई जहां कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई।
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महिला की पहचान परबत्ता थाना क्षेत्र के जगतपुर निवासी दिलीप यादव की पत्नी सीता देवी (30) के रूप में की गई है। पुलिस ने घटनास्थल से बैग में एक पैकेट थाईमेट, एक लिक्विड कीटनाशक की खाली बोतल, फैमिली फोटो, यूको बैंक और बैंक ऑफ इंडिया के पासबुक, आधार कार्ड, दो वोटर आईडी, एक डिब्बा लाहठी, पानी की दो खाली बोतल, शृंगार के सामान और मोबाइल बरामद किया है। पुलिस का कहना है कि मामला आत्महत्या का है। पुलिस ने यूडी केस दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया है। इधर, सूचना पर उसका भाई रंगरा के वैसी निवासी किशोर यादव व अन्य परिजन पहुंचे। पुलिस की पूछताछ में भाई ने बताया कि सीता से कुछ दिन पूर्व पैसे दोगुने करने का लालच देकर किसी ठग गिरोह ने साढ़े तीन लाख रुपए की ठगी कर ली थी।

दुष्कर्म के बाद हत्या की बात अफवाह : एसपी
घटना के चार घंटे बाद एसपी निधि रानी ने प्रेस नोट जारी करते हुए स्थिति स्पष्ट किया कि कुछ लोग अफवाह फैला रहे हैं कि महिला के साथ दुष्कर्म कर उसे मारकर फेंक दिया गया है। लेकिन स्थिति यह है कि सोमवार की शाम में ही महिला घर से कुछ पैसा लेकर निकल गयी थी। मंगलवार को सुबह लोगों ने देखा कि महिला अपने कपड़े बुरी तरह से नोच रही थी। वह डिप्रेशन में आत्महत्या की है। परिजन भी बता रहे हैं कि महिला मनी लांड्रिंग में बुरी तरह से फंस गयी थी। पुलिस मामले की छानबीन में कर रही है। प्रथम दृष्टया घरेलू विवाद या ठगी का शिकार हाेने से आत्महत्या का मामला प्रतीत हो रहा है।

आपत्तिजनक स्थिति में शव मिलने से इलाके में फैली सनसनी
महिला आपत्तिजनक स्थिति में बरमद होने के बाद इलाके सनसनी फैल गई। परिजनों से बात चीत के क्रम में इस बात का खुलासा हुआ है कि सीता रकम को दोगुना करने वाले एक गिरोह के चक्कर में बुरी तरह से फंस गयी थी। रकम दोगुना करने वाले गिरोह का शिकार हो गई थी। सोमवार की शाम वह पति से यह कहकर घर से निकली थी कि जीरोमाइल के पास पैसा देने की बात हुई है। पति पत्नी के बीच इसी बात को लेकर झगड़ा हो गया और सीता का पति वहां से अपनी बहन के पास चला गया।

लोगों का कहना था कि सीता अपने शरीर को बुरी तरह से खुजला कर रही थी और कराह रही थी। पुलिस का दावा है कि जब वह स्थल पर पहुंची तो सीता जीवित थी और सीता की मौत अस्प्ताल ले जाने के क्रम में हुई। लेकिन कुछ ग्रामीणों का कहना है कि सीता की मौत पहले ही हो चुकी थी। इस पूरे मामले में कई सवाल जो स्पष्ट नहीं हो पाई है। सीता निर्जन केला बागान में कैसे पहुंची। सीता रात में कहां थी। पुलिस सूत्रों से ज्ञात हुआ है कि रकम को दोगुना करने का प्रलोभन देने वाला तेतरी या तेलघी गांव का एक व्यक्ति है।

