पटना : सरकार ने कुछ स्थानों पर जनवितरण प्रणाली की दुकानों में लाभुकों के बीच अनाज नहीं बंटने की शिकायत को गंभीरता से लिया है और इसमें लापरवाही बरतने वाले पदाधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई करने का आदेश दिया है। राज्य के खाद्य और उपभोक्ता संरक्षण मंत्री मदन सहनी ने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आदेश पर हर जरूरतमंद तक अनाज पहुंचाने की सुदृढ़ प्रशासनिक व्यवस्था की गयी है। सोमवार से राज्य के सभी पीडीएस दुकानों में अनाज वितरण सुनिश्चित कराने को कहा गया है।
उन्होंने कहा कि पीडीएस दुकानों तक अनाज पहुंचाने की व्यवस्था में राज्य खाद्य निगम के अफसरों की टीम जुटी है। सभी जिलों में निगम के अनाज गोदामों में अनाज पर्याप्त मात्र में है। पीडीएस दुकानों में पर्याप्त मात्र में अनाज उपलब्ध रहे, इसके लिए गोदामों को सुबह आठ बजे से शाम पांच बजे तक खुला रखने का निर्देश दिया गया है। साथ ही, सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को कहा गया है कि अपने अपने क्षेत्र में जिनका भी राशन कार्ड के लिए आवेदन लंबित हैं। उसे तत्काल निष्पादित करें, ताकि लाभार्थियों को अनाज दिया जा सके। सभी जिला प्रबंधकों से प्रतिदिन अनाज के हो रहे उठाव तथा और स्टॉक में बचे गेहूं अनाज के बारे में रिपोर्ट भी मांगी है। गोदाम के ठेकेदारों को निर्देश दिया गया है कि वे मजदूरों को मास्क, साबुन, सैनिटाइजर आदि उपलब्ध करें, ताकि उन्हें किसी प्रकार का संक्रमण नहीं हो।

बजे सुबह से सभी जिलों में शाम 5 बजे तक अनाज गोदाम खोले रखने का आदेश
राज्य में अस्वीकृत पड़े 37 लाख 40 हजार राशनकार्ड आवेदनों की तीन दिनों में जांच की मियाद खत्म हो गई पर आवेदनों का सत्यापन ठीक से शुरू नहीं हो पाया। अब खाद्य और उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल ने सभी अनुमंडल पदाधिकारियों को लंबित राशनकार्ड के आवेदनों का सत्यापन एक हफ्ते के भीतर करने का निर्देश दिया है। पिछले दिनों में कितने आवेदनों की जांच हो पायी है, इसका भी कोई आंकड़ा जिलों से मुख्यालय को उपलब्ध नहीं है।
खाद्य और उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने आवेदनों की जांच में पंचायत स्तरीय समितियों से लेकर वार्ड स्तरीय समितियों के सदस्यों से मदद लेने को कहा है। साथ ही विभाग की ओर से यह आदेश सभी जिलाधिकारियों को दिया गया है कि राज्य में गठित जिला स्तरीय, प्रखंड स्तरीय, शहरी क्षेत्र में वार्ड स्तरीय और पंचायत स्तरीय निगरानी समितियों की मासिक बैठक अनिवार्य रूप से हो। इसमें जन वितरण प्रणाली व्यवस्था में पारदर्शिता और अनाज वितरण की मॉनीटरिंग सुनिश्चित की जाए।
निगरानी समितियों की मासिक बैठक का कैलेंडर जारी:
विभाग ने सभी निगरानी समितियों की मासिक बैठक के लिए कैंलेंडर कर उसका अनुपालन करने का आदेश दिया है। पंचायत स्तरीय निगरानी समिति की बैठक जन वितरण प्रणाली के दुकानदारों के साथ प्रत्येक माह के पहले शुक्रवार को होगी। प्रखंड स्तरीय निगरानी समिति की बैठक प्रत्येक माह के दूसरे शुक्रवार को होगी। शहरी क्षेत्र के वार्ड स्तरीय निगरानी समिति की बैठक प्रत्येक माह तीसरे शुक्रवार को होगी। जिला स्तरीय निगरानी समिति की बैठक प्रत्येक माह के चौथे शुक्रवार को होगी। सभी बैठक में राशन दुकानदारों की मौजूदगी में अनाज वितरण और जनशिकायतों का निवारण सुनिश्चित किया जाना अनिवार्य है। बैठक का प्रतिवेदन विभाग को उसी दिन भेजना अनिवार्य होगा।


