नवगछिया: नवगछिया अनुमंडल के परबत्ता थाना क्षेत्र के तुलसीपुर जमुनिया गांव के अलेही दादियां मदरसा प्रांगण में 12वीं शरीफ के मौके पर हजरत पैगंबर साहब के यौमे पैदाइश की याद में ईद मिलाउद्दीन का आयोजन किया गया. इब्राहिम मौलाना ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि मोहम्मद साहब पूरी दुनिया कि इंसानों का मसीहा बनकर आयो है, इस मौके पर मौलाना इंजमाम साहब ने नबी की याद में ना तो मन कबत पेश किए और कहा निसार तेरी चहल पहल पर हज़ारो ईदे है, रबी उल अव्वल सिवाए है, इश्विश के जाहें में सभी तो खुशियां मना आ रहे हैं. साथ ही रजा जामे मस्जिद में जश्ने ईद मिलाउद्दीन नब्बी में मुफ्ती जुबैर आलम सिद्धकी ने अपने तकरीर से लोगों को जीने का तरीका खिलाया. झूठ और गलत बातों से दूर रहने को कहा. अल्लाह के बताए रास्ते पर और नब्बी के तरीकों पर चलने का संदेश दिया. हजरत पैगंबर सल्लाह हों को अलेही वसल्लम की पैदाइश की याद में मनाया जाने वाला 12वीं की पूरी तैयारी के साथ हरे झंडे, हरी टोपियां पहन कर हर बच्चा बच्ची और नौजवान के जुबानों पर दिलदार की आमद मरहबा आका की आमद मरहबा से आवाज गूंज रहा था. जुलूस को आकर्षक बनाने के लिए गुंबदनुमा झांकी में डी जे के साथ सोमवार की सुबह 8 बजे से दीन मोहम्मद ददिया जुलूस मोहल्लों से निकाल कर नुक्कड़ चौक चौराहों होते हुए रजा जामा मस्जिद पहुंचे, जहां सलाम दुआ करने के बाद अपने अपने घर लौटे जलसा को हाफिज असदुल्लाह संबोधित कर रहे थे. अबुल कलाम ने जलसा को संबोधित करते हुए नवगछिया प्रखंड के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ की ओर से मोहम्मद गुलाम अली, मोहम्मद अमजद, हाफिज अबुल कलाम आजाद और मुबारक मोहम्मद रियासत, मोहम्मद मुबारक, मोहम्मद आफताब, मोहम्मद सरफराज आलम तथा सैफ रजा आदि शामिल थे.

