नवगछिया : रंगरा और कुर्सेला के बीच सिम्मर गाछ के पास निजी फायनेंस कर्मी से 13.30 लाख रूपये लूट की कहानी झूठी थी. यह लूट नहीं बल्कि लूट की कहानी बना कर रकम को गबन करने की व्यूह रचना थी, जिसे नवगछिया पुलिस ने विफल कर दिया है. पुलिस ने पूरी रकम को बरामद कर लिया है तो मामले में रकम गबन करने की मंशा रखने वाले एचडीएफसी के थर्ड पार्टी सेन्टिलियोन कंपनी के कर्मी मुख्य आरोपी कुर्सेला बाजार के अयोध्यागंज निवासी रेशम चौधरी, उसके सहयोगी सुजीत चौधरी और बिट्टू कुमार को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने तीनों की मोबाइल को भी जब्त कर लिया है.
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नवगछिया के एसपी सुशांत कुमार सरोज ने गुरूवार को एक प्रेस वार्ता कर जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने कथित रूप से इतनी बड़ी लूट की घटना को गंभीरता से लिया था और तुरंत एसडीपीओ दिलीप कुमार के नेतृत्व में एक एसआईटी का गठन कर घटना के उद्भेदन में लगाया गया था. एसआईटी ने महज 24 घंटे के अंदर ही पूरे कांड का खुलासा कर दिया है. एसपी ने कहा कि फिलहाल वे लोग दर्ज की गयी प्राथमिकी के बाद छनबीन में सामने आये तथ्यों से अवगत कराते हुए तीनों गिरफ्तार लोगों को न्यायालय में प्रस्तुत करेंगे. फिर संबंधित कंपनी के प्रतिनिधि के आने के बाद मामले में गबन की प्राथमिकी दर्ज की जायेगी.
सामने आयी कहानी
एचडीएफसी बैंक के थर्ड पार्टी सेन्टिलियोन कंपनी में रेशम चौधरी और सुजीत कुमार पिछले वर्ष मार्च माह से काम कर रहे थे. दोनों ने 22 फरवरी को एसडीएफसी बैंक से रकम की निकासी कर बिट्टू कुमार के सहयोग से एक कपड़े की दुकान में रकम को छुपा दिया. इसके बाद रेशम चौधरी और सुजीत चौधरी ने लूट की एक झूठी कहानी बना कर पहले कुर्सेला थाना में प्राथमिकी दर्ज कराने का प्रयास किया और जब वहां विफल रहे तो दोनों ने मामले की प्राथमिकी रंगरा थाने में दर्ज करायी. नवगछिया के एसपी कहते हैं कि प्राथमिक चरण के पूछ ताछ में ही यह स्पष्ट हो गया था कि दोनों पुलिस को बरगलाने का प्रयास कर रहे हैं.

नवगछिया के एसपी सुशांत कुमार सरोज ने कहा कि मामले में तुरंत एक एसआईटी का गठन कर पुलिस कर्मियों को अनुसंधान में लगाया गया. एसआईटी का नेतृत्व एसडीपीओ दिलीप कुमार कर रहे थे तो टीम में गोपालपुर थानाध्यक्ष नीरज कुमार, रंगरा थानाध्यक्ष माहताब खां समेत प्रशिक्षु अवर निरीक्षक भी शामिल थे. रेशम और सुजीत से अलग अलग पूछ ताछ करने के क्रम में ही दोनों ने पुलिस को सुराग देना शुरू कर दिया था. इसके बाद मोबाइल कॉल डिटेल, लोकेशन और सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद पूरी कहानी परत दर परत सामने आ गयी. फिर पुलिस ने रेशम और सुजीत की निशानदेही पर नवगछिया बाजार स्थित कपड़ा दुकान से रकम की बरामद की और कपड़ा दुकान में ही काम करने वाले बिट्टू कुमार साह को भी गिरफ्तार कर लिया.
नवगछिया के एसपी सुशांत कुमार सरोज ने कहा कि पुलिस मामले में स्पीडी ट्रायल चलवाने का प्रयास करेगी और अरोपियों को जल्द से जल्द सजा दिलवाने की पहल करेगी ताकि अगर कोई इस तरह की हरकत करने की मांशा रखता हो वह सौ बार सोचे. प्रेस वार्ता में मामले में गठित एसआईटी के मुखिया एसडीपीओ दिलीप कुमार को नवगछिया एसपी ने एक प्रशस्ति पत्र दे कर सम्मानित किया. एसपी ने कहा कि एसआईटी में शामिल सभी पुलिस कर्मियों को रिवार्ड दे कर सम्मानित किया जायेगा. मालूम हो कि एसआईटी में रंगरा थाना के थानाध्यक्ष माहताब खान, गोपालपुर के थानाध्यक्ष नीरज कुमार, चनवीर यादव, शशिभूषण कुमार, सनोज कुमार राजवंशी, योगेश कुमार, संतोष कुमार शामिल थे
