नवगछिया। भागलपुर प्रक्षेत्र के पुलिस उप महानिरीक्षक विवेकानंद ने सोमवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय नवगछिया का निरीक्षण किया। निरीक्षण के क्रम में डीआईजी ने कार्यालय के विभिन्न अभिलेखों की जांच की । इस क्रम में अपराध शाखा, हिंदी शाखा, डीसीबी, लेखा समेत सभी शाखाओं में संधारित किए जा रहे विभिन्न अभिलेखों का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान जो कमियां पाई गई उस ओर पदाधिकारी का ध्यान आकृष्ट किया गया है। डीआईजी ने कहा पुलिस अधीक्षक कार्यालय के शत प्रतिशत अभिलेखों की निरीक्षण के दौरान अद्यतन पाया गया। उन्होंने थोड़ा बहुत कमियों में सुधार लाने की बात कही। डीआईजी ने बताया कि अपराध से संबंधित जो अभिलेख है उसमें गुणवत्तापूर्ण प्रविष्टियों को किए जाने की आवश्यकता है। इसके अलावा अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी तथा पुलिस निरीक्षक नवगछिया औऱ बिहपुर के कार्यों की समीक्षा अभिलेख मंगाकर की गई।
वही डीआईजी ने कार्य मे सुधार लाने के लिए अलग से निर्देश दिये।डीआईजी ने कहा क़ई, एसडीपीओ द्वारा पर्यवेक्षण जो किया जा रहा है। उसकी गुणवत्ता तथा पर्यवेक्षण करने मे कितना समय लग रहा है, इन सब बातों को परखा गया। वही इस दौरान पाया कि इसमे सुधार की काफी आवश्यकता है। कई मामलो में उनके द्वारा पर्यवेक्षण किया गया है, जो पर्यवेक्षण टिपण्णी काफी विलंब से निर्गत हुई है। इन सब पर सुधार की आवश्यकता है। इसे लेकर उन्हें आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए है।

वहीं इंस्पेक्टर नवगछिया तथा बिहपुर के कार्य कलाप की समीक्षा किया गया। समीक्षा के क्रम मे पाया गया कि दोनों ही इंस्पेक्टर के निरीक्षण कार्य मे रुचि नही ली गई है। डीआईजी ने कड़े लहजे में कहा कि इस वर्ष के चार माह बीतने को हैं और वे एक बार भी किसी थाने का निरीक्षण नही किए हैं। दोनो पदाधिकारी को आवश्यक दिशा निर्देश दिया गया कि दोनो अपने अपने क्षेत्र में सभी थानों का निरीक्षण पुलिस मैनुअल के अनुसार साल में दो बार करे। दोनों इंस्पेक्टर को एक बार सुधार का मौका दिया गया है। अन्यथा दोनो पर कार्यवाई तय होने की बात डीआईजी ने कही। इस दौरान सभी पुलिस पदाधिकारी,थनाध्यक्ष सहित सभी कर्मी उपस्थितथे।

