गोपालपुर: मानसून के सक्रिय होने के साथ गंगा और कोसी नदी के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी शुरू हो गई है। इसी बीच इस्माइलपुर-बिंदटोली तटबंध पर जल संसाधन विभाग की ओर से कराया जा रहा कटावरोधी कार्य अब तक पूरा नहीं हो सका है, जिससे तटवर्ती क्षेत्रों के लोगों की चिंता बढ़ने लगी है।
करीब 90 करोड़ रुपये की लागत से चल रही इस परियोजना का लगभग 70 प्रतिशत कार्य ही अब तक पूरा हो पाया है। विभाग पहले ही दो बार कार्य की समय-सीमा बढ़ा चुका है और अब तीसरी अंतिम समय-सीमा 30 जून निर्धारित की गई है। हालांकि मौजूदा प्रगति को देखते हुए तय समय तक काम पूरा होना मुश्किल माना जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, स्पर संख्या-7 और 8 के बीच सीट पाइलिंग का लगभग 30 प्रतिशत कार्य अभी भी शेष है। वहीं बोल्डर क्रेटिंग सहित अन्य कार्यों को तेज गति से कराया जा रहा है। बारिश के कारण गंगा का जलस्तर बढ़ने लगा है, जिससे समय पर सुरक्षा कार्य पूरा नहीं होने की आशंका लोगों की चिंता का कारण बन गई है।

इधर, नवगछिया बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल की ओर से रंगरा के ज्ञानीदास टोला और झल्लू दास टोला में 1400 मीटर लंबाई में बोल्डर क्रेटिंग का कार्य कराया जा रहा है। यहां भी लगभग 70 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है, जबकि शेष कार्य तेजी से जारी है।
हर वर्ष बाढ़ और कटाव की मार झेलने वाले इन इलाकों के ग्रामीण विभागीय तैयारियों पर नजर बनाए हुए हैं। लोगों का कहना है कि समय रहते कटावरोधी कार्य पूरा होना बेहद जरूरी है, ताकि संभावित बाढ़ और कटाव से जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता गौतम कुमार ने बताया कि सभी स्थलों पर युद्धस्तर पर काम कराया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि 15 जुलाई तक सभी कटावरोधी कार्य पूर्ण कर लिए जाएंगे।

