नवगछिया – रंगरा थाना क्षेत्र के रंगरा पुवारी टोला में पुवारी टोला निवासी विनय ठाकुर की 50 वर्षीय पत्नी हेमा देवी एवं 20 वर्षीय पुत्री कुसुम कुमारी ने शनिवार तड़के सुबह लगभग 4 बजे अपने घर के आंगन में शरीर पर केरोसिन छिड़क आग लगाकर खुदकुशी करने का प्रयास किया. जिसमें दोनों मां बेटी पूरी तरह से झुलस गई. सुबह होने पर घटना की जानकारी पड़ोसी एवं टोले के लोगों को होने पर लोगों ने आनन-फानन में गंभीर रुप से घायल अवस्था में दोनों को रंगरा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया.


नवगछिया न्यूज़ WhatsApp Group

जहां से प्राथमिक उपचार के बाद स्थिति की गंभीरता को देखते हुए चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए मायागंज अस्पताल रेफर कर दिया. घटना में दोनों घायलों में से महिला हेमा देवी का शरीर लगभग 90% जल चुका है. जिससे की महिला की हालत नाजुक बनी हुई है. जबकि युवती के कमर से नीचे का भाग जल जाने से उनकी भी स्थिति गंभीर बनी हुई थी. बाद में घटना की सूचना लोगों ने रंगरा पुलिस को दी. सूचना मिलने के साथ ही रंगरा थानाध्यक्ष कौशल कुमार दल बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और घटना की तहकीकात की.

घटना का कारण

घटना के कारणों के बारे में पुलिस तहकीकात में पता चला है कि घायल महिला का पति विनय ठाकुर झगड़ालू प्रवृत्ति का है. वह अक्सर अपनी पत्नी एवं बेटी के साथ झगड़ा, गाली गलौज एवं मारपीट करते रहता था. रोज रोज के आपसी कलह एवं झगड़े से पड़ोसी एवं टोले के लोग भी आजीज रहते थे. यह देख कर पड़ोसी लोगों ने भी कई बार महिला के पति को समझाने का काफी प्रयास किया था. लेकिन वह किसी की भी बात मानने के लिए तैयार नहीं था. बताया जा रहा है कि शुक्रवार की शाम में विनय ठाकुर ने अपनी पत्नी एवं पुत्री के साथ मारपीट एवं गाली गलौज किया था.

जिसके फलस्वरुप रात में दोनों मां बेटी घर से निकलकर आंगन में ही खुले आसमान के नीचे कराके की ठंड में सो गई थी. जिसके फलस्वरुप ठंड की वजह से पुत्री की तबीयत बिगड़ गई थी. यह देख कर महिला को रहा नहीं गया. रोज-रोज के कलह एवं मारपीट की प्रताड़ना से तंग होकर दोनों मां बेटी ने आत्महत्या का निर्णय ले लिया.

दोनों ने रसोई घर में रखे केरोसिन को डिब्बे से निकालकर अपने शरीर पर छिड़क लिया और दोनों ने आग लगा लिया. दोनों के शरीर में आग की लपटें उठते ही दोनों मां बेटी चीखने चिल्लाने लगी.

जब तक महिला का पति जगता, तब तक दोनों मां बेटी काफी झुलस चुकी थी. बाद में अस्पताल ले जाने के क्रम में युवती चिल्ला चिल्ला कर मर जाने की बात कर रही थी. वह बार-बार कह रही थी
” यह हमारा पिता नहीं यह शैतान है” मैं इस शैतान के हाथों नहीं जीना चाहती. मैं इस शैतान को सजा दिलाना चाहती हूं.

By Rishav Mishra Krishna

न्यूज़ को शेयर करे और कमेंट कर अपनी राय दे....

Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Kulisbet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Kulisbet
Kulisbet giriş
Kulisbet güncel giriş
kralbet
Dinamobet
Dinamobet
Madridbet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Matbet
Matbet