नवगछिया। गोशाला रोड स्थित केयर सेंटर में रविवार की सुबह नवजात शिशु की मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर बच्चा बदलने का गंभीर आरोप लगाया।
खगड़िया जिले के बासुदेवपुर गांव निवासी सुमन कुमार और उनकी पत्नी खुशबू देवी ने बताया कि 17 अक्टूबर को उन्होंने अपने नवजात को जॉन्डिस के इलाज के लिए उक्त अस्पताल में भर्ती कराया था। खुशबू की मां रंजू देवी ने बताया कि रविवार की सुबह करीब चार बजे अस्पताल से फोन आया कि बच्चे की हालत गंभीर है। जब परिजन सुबह पांच बजे अस्पताल पहुंचे, तो बच्चे को निजी वाहन से भागलपुर रेफर कर दिया गया था।
परिजनों ने बताया कि जब वे भागलपुर पहुंचे, तो वहां बच्चे को मृत बताया गया। इसके बाद गुस्साए परिजनों ने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि जो बच्चा उन्हें सौंपा गया, वह उनका नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके बच्चे की दोनों हथेलियों, तलवों और सिर पर तिलक किया गया था, जबकि मृत बच्चे पर ऐसे कोई निशान नहीं थे।

सूचना पर नवगछिया थाना के दारोगा अजीत कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. पिंकेश कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। वहीं, थानाध्यक्ष रविशंकर सिंह ने कहा कि अस्पताल में लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई है, जिसमें बच्चे के बदले जाने की बात सामने नहीं आई है। आवेदन मिलने पर जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में सीएस (सिविल सर्जन) से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया।

