नवगछिया । भागलपुर के क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक सत्येन्द्र झा के औचक निरीक्षण में विभिन्न विद्यालयों के दर्जनों शिक्षकों के विद्यालय से गायब रहने की बात सामने आ रही है। जो जो शिक्षक उपस्थिति बनाकर गायब मिले हैं। वैसे गायब शिक्षकों के स्पष्टीकरण की समीक्षा तक वेतन स्थगित करने का निर्देश प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को दिया है। मिली जानकारी के अनुसार बाढ़ प्रभावित क्षेत्र रहने के कारण कुछ विद्यालयों के शिक्षक /शिक्षिकाओं की उपस्थिति अस्थायी रूप से संचालित बीआरसी रा आ मध्य विद्यालय धरहरा में दर्ज कराने का निर्देश दिया गया था। निरीक्षण के दौरान प्राथमिक विद्यालय नवटोलिया के सभी शिक्षक उपस्थित पाये गये।
प्राथमिक विद्यालय वीरनगर के शिक्षक अवधेश पासवान अपनी उपस्थिति दर्ज कर अनुपस्थित पाये गये। शिक्षिका रीमा कुमारी निरीक्षण के दौरान 11.30 बजे पूर्वाह्न उपस्थित हुई। प्राथमिक विद्यालय कचहरी टोला धरहरा के शिक्षक ओमप्रकाश सिंह ,साकेत सौरभ अपनी -अपनी उपस्थिति दर्ज कर अनुपस्थित मिले। शिक्षिका मंजु कुमारी अनुपस्थित थीं। प्राथमिक विद्यालय मुकेरी आजमाबाद के शिक्षक विनय कुमार, विकास कुमार यादव अनुपस्थित व राकेश कुमार उपस्थिति दर्ज कर अनुपस्थित मिले।

प्राथमिक विद्यालय दुर्गास्थान सैदपुर, प्राथमिक विद्यालय सैदपुर उत्तर के सभी शिक्षक -शिक्षिकायें अनुपस्थित पाये गये।मध्य विद्यालय बुद्धूचक के दीपनारायण पासवान, ललन कुमार, नूतन कुमारी, पुष्पा कुमारी अनुपस्थित पाये गये। प्राथमिक विद्यालय अनुसूचित जाति टोला सैदपुर के शिक्षक मोहन पासवान अनुपस्थित पाये गये। मध्य विद्यालय लतरा के शिक्षक विपिन कुमार व राजेश कुमार रमण उपस्थिति दर्ज कर गायब थे। अलका देवी अनुपस्थित थी। प्राथमिक विद्यालय बोचाही दियारा व मध्य विद्यालय नवटोलिया बोचाही जो कि बाढ़ प्रभावित हैं। शिक्षकों की उपस्थिति बीआरसी गोपालपुर में निर्धारित रहने के बावजूद उपस्थिति नहीं मिली।
इस बारे में सत्येन्द्र झा क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक भागलपुर ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी गोपालपुर विजय कुमार झा को संबंधित शिक्षकों से स्पष्टीकरण प्राप्त करने का निर्देश दिया है कि किस परिस्थिति में संबंधित विद्यालय के प्रधान शिक्षक /शिक्षिका द्वारा बीआरसी में उपस्थिति दर्ज नहीं की गई। दोनों विद्यालयों के शिक्षकों का वेतन स्पष्टीकरण की समीक्षा तक स्थगित की गई है। उपस्थित दर्ज करा कर अनुपस्थित रहना यह बर्दाश्त की बात नहीं है इसलिए कड़ी कार्रवाई करने की तैयारी शिक्षा विभाग ने सोच रखी है।


