गोपालपुर – लगभग 200 वर्षों से डिमाहा गाँव में माँ दक्षिणेश्वर काली की पूजा बंगला पद्धति से किया जाता है. पूजा समिति के वर्त्तमान अध्यक्ष मुखिया प्रतिनिधि अजय कुमार चौधरी ने बताया कि गंगा नदी के कटाव से विस्थापित होने पर वर्त्तमान स्थान पर गाँव के स्थापित होने पर सन् 1934 ई में माता के मंदिर का पुन: निर्माण किया गया.
माता से अनुमति लेकर वर्ष 2012 में भव्य मंदिर का निर्माण ग्रामीणों के सहयोग से किया गया. मंदिर में पशु बलि की प्रथा नहीं है. उन्होंने बताया कि माता के दरबार से कोई निराश नहीं होता है. सच्चे मन से फुलायस कर जो भी भक्त माता से माँगते हैं. माता उनकी हर कामना को पूरी करते हैं. मन्नत पूरी होने पर यहाँ बडी संख्या में महिलाओं द्वारा खोइछा चढाया जाता है.

खगडा गाँव के विद्वान पंडित गंगानाथ झा व पं संतोष झा के द्वारा बंगला पद्धति से पूजा किया जाता है. अध्यक्ष अजय चौधरी व सचिव अरुण चौधरी ने बताया कि दो दिनों तक भव्य मेला व देवी जागरण किया जाता है.


