शहर में स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाने के लिए नवंबर से एक बार फिर सर्वे शुरू हाेगा। कुछ इलाके में सर्वे हाेने के बाद काेराेना के कारण यह बंद हाे गया था। अब दिसंबर तक इसे पूरा करने का टारगेट रखा गया है। नए साल में लाेगाें के घराें में मीटर लगना शुरू हाे जाएगा। हालांकि कहलगांव के करीब 134 घराें व दुकानाें में प्रीपेड मीटर लगा है, लेकिन उपभाेक्ताअाें काे कई तरह की समस्याएं अा रही हैं। इन दिक्कताें से सबक लेकर बिजली कंपनी काे काम करना हाेगा ताकि शहर में लाेगाें का एेसी परेशानी न हाे। प्रीपेड मीटर लगने से लाेगाें काे बिजली बिल भरने के लिए लाइन में नहीं लगना हाेगा। वे जितना का रिचार्ज करेंगे उतना ही बिजली जला पाएंगे। लेकिन कहलगांव में प्रीपेड मीटर लगने के बाद कई उपभाेक्ताअाें की शिकायत है कि उसे पहले से ज्यादा बिजली बिल अा रहा है, जबकि वह खपत पहले जैसा ही कर रहे हैं। कुछ की शिकायत है कि बिजली नहीं जलाने के बाद भी बिल अा रहा है।
नवंबर से शहर के बचे इलाकाें में शुरू हाेगा सर्वे, साढ़े तीन लाख उपभाेक्ताअाें के घर पहुंचेंगे बिजली कंपनी के कर्मचारी, तिलकामांझी, मोजाहिदपुर व नाथनगर के कुछ इलाकाें में हाे चुका है सर्वे
काेराेना संक्रमण के कारण बीच में ही रुक गया था सर्वे का काम
शहर में प्रीपेड मीटर लगाने के लिए ईडीएफ कंपनी ने सर्वे शुरू किया था। मोजाहिदपुर, नाथनगर और तिलकामांझी क्षेत्र के कुछ हिस्से में सर्वे शुरू हुअा, लेकिन काेराेना के कारण काम बंद हाे गया। भागलपुर में साढ़े तीन लाख उपभोक्ताओं के घरों में प्रीपेड मीटर लगना है। सबसे पहले सरकारी आवास व दफ्तरों में ये मीटर लगाए जाएंगे। अब आदमपुर, दीपनगर, जवारीपुर, कचहरी, बरहपुरा, भीखनपुर, मुंदीचक, बरारी, खंजरपुर, मशाकचक, खलीफाबाग, नीलकंठनगर, न्यू विक्रमशिला कॉलोनी, सच्चिदानंदनगर, नया बाजार, कोतवाली, जोगसर, मानिक सरकार, घंटाघर सहित दर्जनों इलाकों का सर्वे का काम शुरू हाेगा। पहले चरण में शहरी क्षेत्र के उपभोक्ताओं के घर में स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगेगा।

रिचार्ज कराया, लेकिन चालू नहीं हुई बिजली, दोबारा देने पर जली बत्ती
कहलगांव के राजेन्द्र चौधरी की दवा दुकान में प्रीपेड मीटर लगा है। उन्हाेंने दो दिन पहले 500 रुपए का रिचार्ज कराए, लेकिन अब तक वह खाते में क्रेडिट नहीं हुआ है। बुधवार को बिजली बंद हाे गयी ताे फिर तीन सौ रुपए का रिचार्ज करा उसे चालू कराया। अब कहा जा रहा है कि 180 रुपए फिक्स चार्ज व 400 रुपए कैपिसीटर चार्ज लगेगा। उन्हाेंने बताया कि इससे अच्छी ताे पहले वाली व्यवस्था थी।
नितिन कुमार की कहलगांव पोस्ट ऑफिस के पास मोबाइल की दुकान है। उन्होंने बताया कि प्रीपेड मीटर लगने के बाद 4 माह परेशान रहे। कोरोना महामारी में दुकान बंद थी। रिचार्ज खत्म होने पर बिजली बंद हो गई। फिर भी हर माह 1200 से 1500 रुपए का बिल का मैसेज अाता रहा। बिजली कंपनी काे आवेदन दिया। काफी दौड़ने के बाद इसमें सुधार हुअा।
किस मद में कट रहे हैं पैसे, नहीं चल रहा पता
कहलगांव के माेबाइल दुकानदार राजीव कुमार ने बताया कि उन्हाेंने डेढ़ साल पहले प्रीपेड मीटर लगवाया था। लेकिन इससे परेशानी घटने के बजाय अाैर बढ़ गयी है। रिचार्ज कराने के बाद भी मीटर काम नहीं करता है। पैसे भी कट जाते हैं। कुछ पता ही नहीं चलता है। पैसे किस मद में कट रहे हैं, इसकी जानकारी नहीं दी जा रही है।
रात में खत्म हाेगा बैलेंस ताे सुबह तक नहीं कटेगी बिजली
ऊर्जा विभाग के सीनियर प्रोटोकॉल अफसर व पीआरओ मोहम्मद ख्वाजा जमाल ने बताया कि भागलपुर में नवंबर से सर्वे शुरू होगा और जनवरी से शहरी क्षेत्र में स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगना शुरू होगा। अगले साल जून तक पूरे बिहार में प्रीपेड मीटर लगाने का लक्ष्य है। पटना, मुंगेर, नालंदा सहित अन्य जगहों पर काम शुरू है। प्रीपेड मीटर मोबाइल की तरह ही चार्ज होंगे। बैलेंस खत्म होते ही बिजली गुल हो जाएगी, लेकिन अगर रात में बैलेंस खत्म होगा, तो सुबह 10 बजे तक बिजली मिलती रहेगी। उसके बाद ही कटेगी। बैलेंस कम हाेने पर मीटर अलर्ट भी करेगा।


