नवगछिया। मानवाधिकार दिवस के अवसर पर बुधवार को नवगछिया उपकारा में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शिविर में अधिवक्ता रजनीश कुमार ने कैदियों को उनके कानूनी एवं मानवाधिकारों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जेल प्रशासन की जिम्मेदारी है कि कैदियों को भोजन, पानी, स्वास्थ्य सुविधा और शिक्षा जैसी बुनियादी सेवाएं उचित रूप से उपलब्ध कराई जाएं।
अधिवक्ता रजनीश कुमार ने कहा कि प्रत्येक कैदी को अपना मनचाहा अधिवक्ता रखने का अधिकार है। जो कैदी आर्थिक रूप से सक्षम नहीं हैं, उन्हें सरकार की ओर से मुफ्त कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाती है। उन्होंने बताया कि जेल में संचालित लीगल क्लिनिक में अधिवक्ता रजनीश कुमार, सुमित डिडवानिया और वंदना कुमारी तैनात हैं, जहां कैदी निःशुल्क कानूनी सलाह प्राप्त कर सकते हैं।
काराधीक्षक निखिल स्वराज ने कहा कि जेल से बाहर निकलने के बाद समाज की मुख्यधारा में शामिल होकर सकारात्मक जीवन जीना अत्यंत महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम में कई कैदियों को मोमेंटो देकर सम्मानित भी किया गया।

शिविर में प्रोबेशनल ऑफिसर शैलेश प्रभाकर, सहायक काराधीक्षक राजेश कुमार सिंह, जेलर राजेश कुमार सिंह, कृष्ण कुमार रजक, वंदना कुमारी समेत कई अधिकारी उपस्थित रहे।

