नवगछिया। मकंदपुर चौक के पास एक दुकान में छापेमारी कर पुलिस ने 74 बाल्टी नकली डीजल एग्जॉस्ट फ्लूइड जब्त किया है। इस मामले में दुकानदार कृष्णा कुमार के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
जानकारी के अनुसार दिल्ली स्थित Consultant India Private Limited के अधिकारियों को सूचना मिली थी कि गोपालपुर इलाके में कंपनी के नाम पर नकली उत्पाद बेचे जा रहे हैं। इसके बाद कंपनी के मैनेजर संजीव कुमार और कर्मचारी बुधवार को गोपालपुर पहुंचे और पुलिस से शिकायत की।
शिकायत के बाद पुलिस ने कंपनी के अधिकारियों के साथ दुकान में छापेमारी की। छापेमारी के दौरान दुकानदार का स्टाफ मोनू सिंह भी मौके पर मौजूद था। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है।

कंपनी के मैनेजर संजीव कुमार ने बताया कि डीजल वाहनों में नकली डीजल एग्जॉस्ट फ्लूइड डालने से इंजन की कार्यक्षमता प्रभावित होती है और वाहन की मरम्मत में भारी खर्च आ सकता है।
थानाध्यक्ष मिथिलेश कुमार ने बताया कि दुकानदार के खिलाफ कॉपीराइट एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
क्या है डीजल एग्जॉस्ट फ्लूइड?
डीजल एग्जॉस्ट फ्लूइड एक तरल पदार्थ है, जिसे आम भाषा में यूरिया या एडब्लू (AdBlue) भी कहा जाता है। यह 32.5% यूरिया और 67.5% विआयनीकृत पानी का मिश्रण होता है। इसका उपयोग चयनात्मक उत्प्रेरक अपचयन (SCR) प्रणाली से लैस डीजल वाहनों में किया जाता है, जिससे हानिकारक नाइट्रोजन ऑक्साइड के उत्सर्जन को कम करने में मदद मिलती है।

