ढोलबज्जा: कदवा दियारा पंचायत के मध्य विद्यालय ठाकुर जी कचहरी टोला कदवा में दो-दो आंगनवाड़ी केंद्रों के संचालन से खाना बनाने के दौरान चूल्हे से निकले धूंए के कारण स्कूल के दीवाल व छत खराब होने एवं बच्चों के द्वारा अत्र तत्र गंदगी फैलाए जाने को लेकर, विद्यालय प्रभारी व सेविका से बार-बार विवाद हो रहे हैं. विद्यालय प्रभारी घनश्याम कुमार ने बताया विद्यालय में कुल 10 कमरे हैं. जहां दो अलग अलग कमरों में खाद्य व जलावन सामग्री रखे जाते हैं. कार्यालय के बाद बाकी बचे सात कमरों में कक्षा 8 तक के बच्चों की पढ़ाई की जा रही है. कमरा कम रहने के चलते दोनों संचालित केन्द्रों के द्वारा स्कूल के बरामदे पर ही बच्चों के लिए खाना बनाया जाता है. धुएं के कारण 23 लाख से बने मकान की छत व दीवाल खराब हो चुके हैं. बगल में फिर दो लाख से नए भवन का निर्माण कराया गया है. जिसका रंगाईका काम कल ही किया गया है. अभी मकान का एमबी भी पास नहीं हो पाए हैं. इस मकान के बगल में खाना कैसे बनाने दें ?
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आंगनवाड़ी केंद्रों के छोटे-छोटे बच्चों के द्वारा शौचालय के अगल-बगल ही गंदगी कर दिया जाता है. ये लोग साफ सुथरा भी नहीं करवाते हैं. हमें बार-बार अपने पैसों से सफाई करवाना पड़ता है. यदि इनका अपना केंद्र रहता तो यह लोग उसकी साफ सफाई करते कि नहीं? वहीं सेविका रानी कुमारी व लालमणि देवी ने बताई कि हमारे केंद्र के बच्चे व हम लोग शौचालय का उपयोग नहीं करते हैं, ना ही हमें साफ सफाई के लिए विभाग से पैसे मिलते हैं. जिससे हम लोग साफ सफाई करवाएंगे. हमें पूर्व सीडीपीओ अनुपम कुमारी के द्वारा निर्देश मिलने के बाद यहां पर केंद्र का स्थानांतरित किया गया है. आगे संबंधित पदाधिकारी जो आदेश करेंगे वह किया जायेगा. मालूम हो कि करीब 8 साल से इस विद्यालय में आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 78 वह 79 का संचालन किया जा रहा है. जहां सेविका रानी कुमारी व लालमणि देवी सहायिका शांति कुमारी व कल्पना देवी कार्यरत हैं. दोनों केंद्रों पर कुल 80 बच्चे हैं. जमीन उपलब्ध नहीं होने के कारण दोनों केंद्रों का तत्काल संचालन के लिए निर्देश मिला था. उस समय विद्यालय परिसर में एक सत्संग भवन था. जिसमें आंगनवाड़ी केंद्रों का संचालन हो रहा था. अब वो भवन टूट कर दूसरे जगह गांव में चला गया है. बरामदे पर खाना बनाने के दौरान धूंए के चलते 25 लाख से बने विद्यालय भवनों क्लास रूम खराब हो रहे हैं. जानकारी मिलते ही सरपंच सिराज साह ने मौके पर पहुंचकर विवाद को शांत करते हुए तत्काल गैस सिलेंडर से खाना बनाने व विद्यालय परिसर में कुछ खाली पड़े जगह को साफ सुधरा कर रसोई घर बनाने का निर्देश देते हुए केंद्र को संचालित रखने का आश्वासन दिया. मौके पर ग्रामीण बबलू राय, विनोद कुमार, भूतपूर्व सरपंच उमेश सिंह, व लड्डू कुमार के साथ अन्य लोग उपस्थित थे.
