नवगछिया : नवगछिया पुलिस मुख्यालय में भागलपुर के आईजी सुनील मान सिंह खोपड़े ने बुधवार को डीआईजी विकास वैभव और नवगछिया एसपी निधि रानी व नवगछिया पुलिस जिले के अन्य पुलिस पदाधिकारियों के साथ पिछले छ: माह में हुए सनसनीखेज वारदात और उसके बाद पुलिस की कार्रवाई की समीक्षा की. इस बाबत भागलपुर के आई जी ने कहा कि पिछले छ: माह में हुए सनसनीखेज मामलों का आज रिव्यु किया गया. पुलिस पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये गये हैं और अपराध नियंत्रण को लेकर रणनीति भी बनायी गयी है. आईजी ने कहा कि न्यायालय कांड में जलाये गये दस्तावेजों की सूची प्राप्त हो गयी है लेकिन बहुत सारे दस्तावेज जले हैं,
जिसके आधार पर निष्कर्ष पर पहुंचना आसान नहीं है. अपराधियों के बीच की कड़ी का इस्तेमाल कर पुलिस इस मामले के उद्भेदन का प्रयास कर रही है. आईजी ने कहा कि इस संबंध में नवगछिया के पुलिस पदाधिकारी को आवश्यक निर्देश भी दिया गया है. मालूम हो कि न्यायालय कांड के अब एक माह बीतने को है. एक माह बाद भी पुलिस इस नतीजे पर नहीं पहुंच पायी है कि आखिर अपराधियों ने इस तरह की घटना को अंजाम क्यों दिया. जबकि पुलिस ने इस घटना के दूसरे दिन ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है.

इसके साथ ही खरीक में तीन दिन पहले हुई हत्या और भवानीपुर थाना क्षेत्र के भगवान पेट्रोल पंप पर हुई लूट की घटना के मद्देनजर भी आईजी ने जल्द से जल्द संलिप्त अपराधियों को गिरफ्तार करने का निर्देश वरीय पुलिस पदाधिकारियों को दिया है. झंडापुर के तिहरे हत्याकांड में आरोपियों द्वारा दुष्कर्म किये जाने की बात सामने आयी है, आईजी ने कहा कि सबों को बोलने का अपना अधिकार है. लेकिन पुलिस छानबीन में इस तरह की बात सामने नहीं आयी है. इस मामले में पोस्को एक्ट लगाये जाने की बात भी कही गयी.


