मेडिकल कॉलेज अस्पताल में शनिवार को हड्डी विभाग में डॉक्टरों ने दो घंटे के ऑपरेशन में एक बुजुर्ग को जीवनदान दिया। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. कन्हैया लाल गुप्ता ने सर्जरी कर बुजुर्ग मनोरमा देवी के कूल्हे को रिप्लेस कर दिया। डॉक्टरों का दावा है कि मेडिकल कॉलेज अस्पताल में पहली बार पूरा कूल्हा रिप्लेस किया गया है। इस सर्जरी में सफलता हासिल करने से मरीज को जहां एक-डेढ़ लाख रुपए की बचत हुई, वहीं भागलपुर में ही अब यह सुविधा अन्य मरीजों को भी उपलब्ध हो सकेगी।
नवगछिया मकंदपुर की 90 वर्षीया मनोरमा देवी की आर्थिक निजी अस्पताल में इलाज करवाने की नहीं थी। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. गुप्ता ने बताया कि बुजुर्ग को खून की कमी व फेफड़े में इंफेक्शन समेत अन्य बीमारी थी। उसकी बढ़ती उम्र और लगातार बेड पर रहने के कारण उसकी हालत लगातार बिगड़ रही थी। इलाज के लिए उनके कूल्हे को बदलना था। अमूमन इस तरह के रिप्लेसमेंट पर निजी अस्पतालों में एक-डेढ़ लाख रुपए का खर्च आता है। बुजुर्ग इतने पैसे खर्च नहीं कर सकती थी।


मेडिकल कॉलेज अस्पताल में कूल्हा रिप्लेस करती डॉक्टरों की टीम।
रिपोर्ट आई सामान्य तो लिया सर्जरी का फैसला
बीमारी और आर्थिक स्थिति देखकर डॉक्टरों ने पैथोलॉजिकल जांच करवाई। ईसीजी व बीपी भी चेक हुआ। रिपोर्ट सामान्य था, इसके बाद डॉक्टरों ने सर्जरी का फैसला लिया। डॉ. कन्हैया ने एनेस्थेटिक डॉ. अनिल व डॉ. शहजाद के साथ शनिवार सुबह 11 बजे मनोरमा देवी के टोटल हिप रिप्लेसमेंट की कवायद शुरू की। दोपहर 1 बजे तक की सर्जरी के बाद ऑपरेशन सफल रहा। उसे वार्ड में ही रखा गया है। डॉक्टरों ने बुजुर्ग को खतरे से बाहर बताया है। डॉ. कन्हैया के अनुसार, बुजुर्ग कुछ दिनों तक अस्पताल में ऑर्ब्जवेशन में रहेंगी। इसके बाद उन्हें डिस्चार्ज कर दिया जाएगा।


