गिद्धेश्वर जंगल व घनबेरिया के बीच बने नौलखागढ़ के भलुआ जंगल में गुरुवार की सुबह तकरीबन 4:50 बजे के आसपास अचानक सीआरपीएफ के कोबरा जवान और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ शुरू हो गई। इसमें जहां नक्सलियों की गोली लगने से एक जवान गंभीर रूप से घायल हो गए।
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जवानों से घिरते देख नक्सलियों ने तरकीब निकाली और पास के ही एक मधुमक्खी के छत्ते में गोली मार दी, जिसके काटने से 8 जवान जख्मी हो गए।
मुठभेड़ में घायल जवान की पहचान 22 वर्षीय शैल बासगी पिता बसपा बासगी के रूप में हुई। शैल सीआरपीएफ के कोबरा 207 बटालियन में कार्यरत हैं। नक्सलियों द्वारा चलाई गई गोली जवान के दाहिने हाथ की केहुनी में लगी, जिससे वहां की हड्डी क्षतिग्रस्त हो गई।

घायल जवान शैल बासगी का सदर अस्पताल में डॉ. नौशाद अहमद और मनीषी आनंद के द्वारा प्रारंभिक उपचार किया गया। बाद में बेहतर इलाज के लिए चिकित्सकों ने उसे पटना रेफर कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही एसपी जगुनाथरेड्डी, एसडीपीओ रामपुकार सिंह, एएसपी अभियान सुधांषु कुमार सहित कोबरा व सीआरपीएफ के वरीय अधिकारी भी सदर अस्पताल पहुंचकर जवानों के स्थिति की जानकारी ली। बाद में घायल जवान शैल बासगी को हेलीकॉप्टर से बेहतर इलाज के लिए पटना ले जाया गया।
नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन में बिहार-झारखंड की पुलिस शामिल
घटना के बाद नक्सलियों के झारखंड एवं नवादा की ओर भागने की आशंका को लेकर सीमाक्षेत्र के जंगलों में सर्च अभियान चलाया जा रहा है। एरिया डोमिनेशन के लिए मुठभेड़ के दौरान ही पटना से चौपर मंगवाया गया था, घायल जवान की स्थिति गंभीर होने के कारण चौपर से उसे पटना इलाज के लिए भेज दिया गया।
वहीं, झारखंड के गिरीडीह पुलिस की मदद से भेलवाघाटी के आसपास के क्षेत्र में कांबिंग चलाया जा रहा है। इसी प्रकार जमुई-नवादा सीमाक्षेत्र के कौआकोल, चननवर, घुठिया आदि जगहों पर भी घेराबंदी की गई है। हालांकि, देर शाम तक पुलिस को इस ऑपरेशन में कोई सफलता नहीं मल सकी थी।
सिद्धु कोड़ा के गैंग से हुई मुठभेड़
पुलिस को गुप्त सूचना मिल रही थी कि हार्डकोर नक्सली सिद्धु कोड़ा का गैंग इस जंगल के आसपास छिपा है। इसी सूचना पर क्षेत्र की घेराबंदी अल सुबह जवानों द्वारा की गई थी। घेराबंदी में खुद को घिरा देख नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी। बताया जाता है कि दोनों ओर से 10 से 12 राउंड गोलियां चलाई गई है।
नक्सली अपनी जान बचाने के लिए पेड़ पर लगे मधुमक्खी के छत्ते पर गोली चला दी। मधुमक्खी का छत्ता जवानों के नजदीक था जिस कारण मधुमक्खियों ने जवानों पर हमला बोल दिया। मधुमक्खी के हमले से जवान मो. गुलाम मुस्तफा, सुरेश कुमार, अनुग्रह नारायण सिंह, धनंजय कुमार, अमीत पाल, रामसेवक धुर्व, देवेंद्र कुमार, विपुल कुमार गंभीर रूप से जख्मी हो गए। सभी घायल जवानों को इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया गया जहां उनका इलाज किया जा रहा है।
नक्सलियों को जल्द मिलेगा जवाब
नक्सलियों के जमावड़े की सूचना पर घेराबंदी की गई थी और सर्च आपरेशन चलाया जा रहा था। इसी दौरान नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी। इसमें एक जवान को गोली लगी है जिसे इलाज के लिए पटना भेजा गया है। नक्सलियों के खिलाफ यह आपरेशन जारी रहेगा।

