ज्योति ने नवगछिया का नाम किया रौशन बनी नवगछिया की पहली महिला पायलट
नवगछिया : नवगछिया के पकड़ा गांव के निवासी अधिवक्ता देवेंद्र कुमार सिंह एवं नूतन देवी की पुत्री ज्योति प्रभा नवगछिया की पहली महिला पायलट बन गई है. ज्योति की इस उपलब्धि से सिर्फ पकड़ा गांव ही नहीं आसपास के इलाके के लोग भी काफी खुश है. नवगछिया व्यवहार न्यायालय के अधिवक्ता व अपर लोक अभियोजक देवेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि ज्योति अपने पहले प्रशिक्षण के बाद हवाई जहाज उड़ा चुकी है. श्री सिंह ने बताया कि ज्योति बचपन से ही मेधावी छात्रा थी उनकी शुरूआती पढ़ाई नवगछिया के बाल भारती स्कूल एवं गांव के ही गजेंद्र मध्य विद्यालय में हुई थी. नवम वर्ग में वर्ष 2011 में वह वनस्थली विद्यापीठ राजस्थान में पढ़ाई के लिए चयनित हुई. इसके बाद वहीं से मैट्रिक और इंटर की परीक्षा उत्तीर्ण किया. इसके बाद वह अभी बीटेक कर रही है. इसके बाद वर्ष 2016 में पायलट के लिए आयोजित परीक्षा में वह चयनित हुई और अभी तक ज्योति का प्रशिक्षण चल रहा है. ज्योति के पिता ने बताया कि ज्योति का प्रशिक्षण बहुत जल्द समाप्त हो जाएगा. अधिवक्ता देवेंद्र प्रसाद सिंह ने बताया कि बता और अभिभावक उन्होंने ज्योति पर करियर चुनने के लिए कभी दवाब नहीं डाला लेकिन वह क्या कर रही है इसका ध्यान सदैव रखा. ज्योति के सफलता के पीछे उनके बाल भारती विद्यालय वह गजेंद्र मध्य विद्यालय पकड़ा के शिक्षकों का भी योगदान रहा है. श्री सिंह ने बताया कि ज्योति के अलावा अलावा उनका एक पुत्र आलोकनाथ बेंगलुरु में आईटी से बीटेक कर रहे हैं. पुत्री की सफलता पर पूरे परिवार के लोग काफी खुश हुआ उत्साहित हैं.


किया जाएगा सम्मानित
बाल भारती विद्यालय प्रबंध समिति के वाइस प्रेसिडेंट समाजसेवी अजय कुमार रुंगटा ने कहा कि ज्योति की सफलता से विद्यालय परिवार काफी खुश है. जैसे ही ज्योति अपना प्रशिक्षण समाप्त कर नवगछिया आती है उन्हें स्कूल के तरफ से सम्मानित किया जाएगा उन्होंने कहा कि ज्योति ने पायलट बनकर समाज में एक मिसाल कायम किया है. इधर बाल भारती के प्राचार्य राजीव कुमार सिंह और मुरारी लाल पंसारी ने भी ख़ुशी व्यक्त कार्ये हुए ज्योति के माता पिता को बधाई दी है.


