भागलपुर : विक्रमशिला पुल पर सड़क निर्माण के साथ यातायात संचालित कराने में पुलिस पूरी तरह नाकाम साबित हो रही है। शुक्रवार रात को सेतु से जीरोमाइल, घूरनपीर बाबा चौक, कचहरी चौक, पटलबाबू रोड, भीखनपुर होते हुए उल्टापुल तक भीषण जाम लगा गया और शनिवार सुबह 11 बजे स्थिति सामान्य हो सकी। इसलिए सड़क निर्माण का काम भी दोपहर 12 बजे शुरू हो सका।
पुल पर जब सड़क निर्माण का काम शुरू भी हुआ तो ट्रैफिक कंट्रोल की ऐसी अव्यवस्था थी कि नवगछिया की तरफ से 10-10 करके छोड़ी गईं गाड़ियां जब तक शहर के बीचोबीच नहीं पहुंच जाती, तब तक भागलपुर की तरफ से गाड़ियां नहीं छोड़ी जाती थी। पुल पर कम्युनिकेशन का कोई साधन नहीं था। इसलिए समय का आकलन भी अंदाज से ही किया जाता था। इसलिए दिनभर यात्री चिलचिलाती गर्मी में परेशान रहे और ज्यादातर यात्री गाड़ियों से उतरकर पैदल ही पुल पार करते नजर आए।
एंबुलेंस तक को निकालने की व्यवस्था नहीं

विक्रमशिला पुल से होकर आसपास के 10 जिलों के मरीज मायागंज अस्पताल आते-जाते हैं। शुक्रवार के बाद शनिवार को भी कई मरीज जाम में फंस गए। मायागंज अस्पताल में इलाज के लिए आ रहे सुदामा मंडल ने बताया कि वह सुबह पांच बजे बस में बैठे हैं। अब 11 बजे भागलपुर पहुंचे। खाली पेट ही दवा लेनी पड़ी। पुल पर सवारी गाड़ी को पार करने में दो घंटे से अधिक का वक्त लग गया। एंबुलेंस तक को निकलने की व्यवस्था नहीं थी।
48 घंटे बाद भी ठोस प्लानिंग नहीं दिखी
सड़क निर्माण शुरू हुए 48 घंटे बीत गए, मगर ट्रैफिक की ठोस प्लानिंग नहीं दिखी। मुस्तैदी के नाम पर सिर्फ पुल के दोनों ओर ही पुलिस रहती है, जबकि बीच पुल पर रात में कोई देखने वाला नहीं होता और दिन में भी कम ही जवान दिखते हैं। वो भी बिना कम्युनिकेशन साधन के। चूंकि, निर्माण स्थल के पास 24 घंटे वन-वे ट्रैफिक रहता है। इसलिए पुल के अलावा शहर के बीच भी इन गाड़ियों को नियंत्रित करने के लिए जवानों की संख्या बढ़ानी होगी।
आज से सुबह आठ से शाम छह बजे तक प्रतिबंध
जिला प्रशासन की ओर से निर्माण एजेंसी को काम करने के लिए नई टाइमिंग की मंजूरी दे दी गई है। पहले सुबह सात से दोपहर तीन बजे तक पुल पर भारी वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध था, लेकिन रविवार से इसे परिवर्तित कर सुबह आठ से शाम 6 बजे कर दिया गया है। यानी इसी अवधि में सड़क निर्माण का काम होगा। शनिवार को पुरानी टाइमिंग पर काम हुआ, लेकिन महाजाम के कारण सुबह सात से दोपहर 12 बजे तक मजदूर यूं ही बैठे रहे।
पूरे पुल पर होगा वन-वे, वॉकी टॉकी से होगा ट्रैफिक कंट्रोल
विक्रमशिला पुल पर जाम से निजात दिलाने के लिए पूरे पुल पर वन-वे ट्रैफिक किया जाएगा। साथ ही ट्रैफिक कंट्रोल के लिए तैनात जवानों को वॉकी टॉकी दी जाएगी, ताकि पुल के दोनों ओर कम्युनिकेशन बना रहे।
डीएम आदेश तितरमारे ने बताया कि पुल की सड़क पर पहला लेयर पड़ रहा है। इसलिए थोड़ी दिक्कत है। वन-वे ट्रैफिक और वाकी टॉकी सुविधा होने से एक तरफ की सभी गाड़ियों के निकलने के बाद ही दूसरी तरफ से गाड़ियों को पुल पर प्रवेश दिया जाएगा। पहला लेयर बनने के बाद परेशानी कम होगी। पुल पर चल रहे काम की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है।
जाम से निजात की हो रही व्यवस्था : आयुक्त
आयुक्त अजय कुमार चौधरी ने बताया कि विक्रमशिला पुल पर जाम से बचाने की व्यवस्था की जा रही है। इस संबंध में डीएम से बात हुई है। लोगों की परेशानी कम करने के लिए प्रशासन द्वारा प्रयास किया जा रहा है।
ओवरटेक रोककर वन-वे हो ट्रैफिक : सांसद
सांसद बुलो मंडल ने कहा कि पुलिस को पुल पर ओवरटेक रोकना चाहिए और एक तरफ से अंतिम गाड़ी छोड़ने की दूसरी तरफ सूचना देनी चाहिए। उस नंबर की गाड़ी पहुंचते ही दूसरी तरफ से गाड़ी छोड़ना चाहिए। अभी यही उपाय कारगर होगा।

