नवगछिया : बाल भारती विद्यालय प्रांगण में यादुका परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के द्वितिय दिन कोलकाता से पधारे परम पूज्य बाल व्यास पंडित श्रीकांत जी शर्मा ने भागवत कथा के सुमिरन का जीवन पर प्रभाव की विस्तृत व्याख्या की।कथा के दूसरे दिन महिलाओं में जबरदस्त उत्साह देखा गया जिसके कारण महिलाओं की बड़ी संख्या स्थल पर पहुंची। उन्होंने बताया कि कलयुग में अपने जीवन को संवारने और उस परमपिता के समीप जाने का भागवत कथा एक माध्यम है।
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जिसकी सुमिरन की महिमा शास्त्रों में भी वर्णित है। आज की कथा के अंतिम चरण में राम दरबार की अलौकिक झांकी का दर्शन कराया गया। जिसमें मुख्य यजमान राजेन्द्र यादुका श्री राम चन्द्र की भूमिका में, रीता यादुका माता सीता की भूमिका में, छोटे भाई अमित यादुका साक्षात लक्ष्मण की भूमिका में शिरकत की। भागवत कथा के श्रवण के लिए नवगछिया ही नही वरण आस पास के क्षेत्रों के भी भगतगन बड़ी संख्या में पहुँच रहे है।
इस आयोजन को सफल बनाने में बाल भारती विद्यालय के NCC और स्काउट एंड गाइड के बच्चे अपनी सेवा प्रदान कर रहे है।भागवत कथा के श्रवण के लिए नवगछिया ही नही वरण अस पास के क्षेत्रों के भी भगतगन बड़ी संख्या में पहुँच रहे है। इस आयोजन को सफल बनाने में सुभाष वर्मा, रमेश चौधरी, विनय केजरीवाल, रविशंकर प्रसाद, कन्हैया लाल मवंड़िया, स्नेह मस्करा, किरण भीमसरिया, माया मस्करा, महादेव भीमसरिया, पायल अग्रवाल, सुरभित मस्करा, जयप्रकाश अग्रवाल, खुशबू मस्करा, कुसुम केडिया, नीरज जायसवाल, अशोक सिंह, विष्णु शर्मा, बीना सराफ, बबिता वर्मा, यादुका, सन्तोष अग्रवाल के साथ साथ बाल भारती के अधिकारीगण एवं नवगछिया नगरवासी तन मन से लगें है।

