जिला परिषद सदस्य गौरव राय के भाई ऋतुध्वज कुमार उर्फ सोनू राय का हत्यारोपी और लूट, अपहरण, आर्म्स एक्ट व अन्य हत्याओं में वांछित, 50 हजार का इनामी कुख्यात राकेश राय को एसटीएफ की टीम ने कटिहार जिले के फलका से गुरुवार की सुबह गिरफ्तार कर लिया। वह खरीक थाना के तुलसीपुर गांव का रहने वाला है और सोनू की हत्या में मुख्य नामजद अभियुक्त है।
एसटीएफ ने राकेश राय को देर शाम नवगछिया पुलिस को सौंप दिया। उसकी गिरफ्तारी की नवगछिया पुलिस ने आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। इस संबंध में एसडीपीओ प्रवेंद्र भारती ने सिर्फ इतना ही कहा कि पुलिस कार्रवाई कर रही है, जल्द ही परिणाम सामने आएगा। सूत्रों की मानें तो राकेश राय को किसी गुप्त स्थान पर रखकर पुलिस पूछताछ कर रही है। गौरतलब है कि 17 अक्टूबर को भागलपुर से तुलसीपुर आने के क्रम में सोनू राय की जगतपुर के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।

गौरव राय के बयान पर परबत्ता थाने में हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई थी, जिसमें राकेश राय, उसके बेटे मुरली राय व गोपालपुर थाना क्षेत्र के लतरा निवासी शार्प शूटर पुरुषोत्तम यादव उर्फ छोटुवा को नामजद किया गया था। मुरली राय को नवगछिया पुलिस ने घटना के बाद ही गिरफ्तार कर लिया था, जबकि राकेश राय की गिरफ्तारी के लिए एसपी निधि रानी ने एसडीपीओ प्रवेंद्र भारती के नेतृत्व में एसआईटी टीम का गठन किया था। साथ ही, बिहार एसटीएफ को गिरफ्तारी की जिम्मेदारी सौंपी थी।
बेटा की गिरफ्तारी के बाद थानेदार को दी थी धमकी
सोनू राय की हत्या के बाद बेटा मुरली राय की गिरफ्तारी से बौखलाए राकेश राय ने खरीक के तत्कालीन थानेदार हरिशंकर कश्यप को फोन कर धमकी दी थी। राकेश पर हत्या, लूट, अपहरण, आर्म्स एक्ट जैसे नौ आपराधिक मामले नवगछिया पुलिस जिले के विभिन्न थानाें में दर्ज हैं। शार्प शूटर छोटुवा पुलिस की पकड़ से अभी दूर है।


