नेपाल में लगातार मूसलाधार बारिश के कारण सप्तकोशी नदी में पानी का बहाव बढ़ता ही जा रहा है । कोशी बराज पे तैनात प्रहरी सहायक निरीक्षण के अनुसार शानिवार के संध्या 5 बजे सप्तकोशी नदी में पानी का बहाव 3 लाख 7 हजार 655 क्यूसेक मापा गया है।

पानी का उच्च बहाव देखते हुए कोशी बराज पर खतरा का संकेत स्वरूप लाल बत्ती जला दिया गया है। प्राप्त जानकारी अनुसार कोशी बराज में पानी का बहाव देखते हुए 56 फाटक में 40 फाटक खोल दिया गया है। सप्तकोशी में पानी का बहाव को देखते हुए स्थानीय प्रशासन के द्वारा लोगों को एलर्ट किया गया है। सप्तकोशी नदी पानी का उच्च बहाव के कारण नेपाल के सुनसरी, सप्तरी, मोरंग के कई इलाका बाढ़ के चपेट में आ गया है।

कोसी नदी के जलस्तर के शनिवार को लगभग ढाई लाख क्यूसिक पानी पार कर जाने के कारण तटबंध के भीतर का पूरा इलाका पानी-पानी हो गया है। लोगों की परेशानी दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है।

जल संसाधन विभाग सूत्रों के मुताबिक शनिवार को 12 बजे दोपहर में बराज के डाउनस्ट्रीम में 260450 क्यूसेक पानी छोड़ा गया, यह लगातार बढ़ता ही जा रहा है जबकि बराह में 266250 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। एक इंजीनियर ने बताया कि शाम तक संभवतः पानी का डिस्चार्ज कहीं तीन लाख के पार न कर जाए।

दूसरी तरफ कोसी नदी में पानी बढ़ते ही नदी ने तांडव मचाना शुरू कर दिया है। पूर्वी तटबंध के 78.30 किमी ई-2 स्पर पर नदी टकराने के बाद 78.60 किमी एन-6 स्पर तेज गति से टकरा रही है। हालांकि नोज सहित स्पर सुरक्षित है। नदी में पानी बढ़ने के बाद पुराना तटबंध पर कटाव निरोधी कार्य के तहत किए गए पीपीरोप गैबियन पानी में डूब गया है। इसी प्रकार योजका कंपनी द्वारा स्पर की सुरक्षा हेतु कराए जा रहे सुरक्षात्मक कार्य भी 3-4 फीट पानी में डूब गया है।

फ्लड फाइटिंग फोर्स के चेयरमैन महेंद्र चौधरी ने बताया कि जलस्तर बढ़ने के बाद भी उनका पूर्वी तटबंध सहित सभी स्पर सुरक्षित है। स्थिति पर इंजीनियरों द्वारा पैनी नजर रखी जा रही है। किसी भी प्रकार की स्थिति से निबटने के लिए इंजीनियर लोग पूरी तरह तत्पर है।

पूर्वी कोसी तटबंध के कई बिंदुओं पर रेनकट बनना जारी

लगातार हो रही बारिश से पूर्वी कोसी तटबंध के कई बिंदुओं पर रेनकट का बनना लगातार जारी है। इससे तटबंध की मजबूती पर खतरा उत्पन्न हो गया है। हालांकि इंजीनियरों द्वारा रेनकट भरवाने का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया है। पूर्वी तटबंध के 82 से 84 किमी के बीच बनी आधा दर्जन से अधिक खतरनाक एवं जानलेवा रेनकटों को जेई वीरेंद्र कुमार के नेतृत्व में गुरुवार से भराने का कार्य शुरू कर दिया गया है। खासकर 83.40 से 84 किमी के बीच तटबंध का आधा टॉप कटकर क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसे ईसी बैग (बालू भरे बोरे) देकर ठीक कर दिया गया है। जेई श्री कुमार ने बताया कि उनके अधीन पड़नेवाले अब कोई बिंदु पर रेनकट नहीं है।

इससे पूर्व जेई किशोर कुणाल के नेतृत्व में 76 से 80 किमी के बीच रेनकटों को भरा गया था। इसके अलावा जहां-जहां रेनकट हो रहा है, वहां तुरंत कार्य कर भरा जा रहा है। एई कमलेश कुमार भंडारी स्थल पर पहुंच गुणवत्तापूर्ण कार्य की निगरानी कर रहे हैं। दूसरी तरफ लोगों का आरोप है कि जैसे-तैसे कार्य कर रेनकट के नाम पर खानापूरी किया जा रहा है। 10-15 केजी ही मिट्टी भर घटिया सिलाई कर बोरा दिया जा रहा है, जिसे गिराने के बाद ईसी बैग फट जा रहा है।

📲 Naugachia News WhatsApp Group Join करें
Join Now →

By न्यूज़ डेस्क

न्यूज़ को शेयर करे और कमेंट कर अपनी राय दे.....

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

deneme bonusu
jojobet giriş, jojobet giris, jojobet, jojobet guncel giris
jojobet, jojobet giris, jojobet guncel giris, jojobet giris adresi, jojobet mobil
jojobet, jojobet giris, jojobet guncel giris, jojobet giris adresi, jojobet mobil
jojobet, jojobet giris, jojobet guncel giris, jojobet giris adresi, jojobet mobil
jojobet, jojobet giris, jojobet guncel giris, jojobet giris adresi, jojobet mobil
jojobet, jojobet giris, jojobet guncel giris, jojobet giris adresi, jojobet mobil