पूर्णिया: जिला मुख्यालय से महज 8 किलोमीटर की दूरी पर कसबा थाना क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक दिव्यांग युवती के साथ गांव के ही कुछ दरिंदों ने बेहद निर्मम तरीके से सामूहिक दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया है. इसके बाद युवती सदर अस्पताल में जिंदगी और मौत से जंग लड़ रही है.
बताया जाता है कि बीते मंगलवार को शारीरिक व मानसिक रूप से दिव्यांग युवती अपनी मां के साथ घर में सोई हुई थी. रात में जब पीड़िता की मां की नींद खुली तो उसकी बेटी वहां से गायब थी. इसके बाद रातो-रात परिवार वालों ने युवती की खोजबीन शुरू कर दी. जो की अगले सुबह तक भी जारी रही, मगर उसकी बेटी का पता नहीं चला.

नग्न अवस्था में धान की खेत में मिली पीड़िता
इसके बाद हताश परिवार वालों ने थाने में उसकी गुमशुदगी की प्राथमिकी दर्ज कराई. पुलिस की छानबीन के बाद गुरुवार की सुबह स्थानीय लोगों ने उसे धान के खेत में नग्न अवस्था में बेसुध पड़ा दिखा. ग्रामीणों ने तत्काल ही इसकी सूचना पुलिस को दी.
जख्म के निशान
सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने घटना का जायजा लेते हुए पीड़िता की नाजुक हालत में इलाज व मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. मामले में सदर अस्पताल के सीएस कृष्ण कुमार पूर्वे ने बताया कि पीड़िता की स्थिती बेहद नाजुक बनी हुई है.

तीन चिकित्सकों की टीम कर रही ट्रीटमेंट
युवती की मेडिकल ट्रीटमेंट के लिए मुख्य सिविल सर्जन की देखरेख में फिलहाल तीन चिकित्सकों की टीम लगी हुई है. उन्होंने कहा कि बेहतर इलाज के लिए उसे भागलपुर रेफर किया जाए, मगर बेहद गरीब होने की वजह से उनके परिवार वालों ने असमर्थता जाहिर कर दी.
गांव में आक्रोश व्याप्त
वहीं, इस घटना के बाद पूरे गांव में आक्रोश व्याप्त है. गांववालों ने कहा है कि यदि आरोपी जल्द ही पुलिस की गिरफ्त में नहीं आया तो फिर वे जनता का कानून देखने को तैयार रहें. वहीं डॉक्टरों का कहाना है कि पीड़िता का परिवार बेहद गरीब है. इन्हें आर्थिक मदद की दरकार है. इनकी मदद के लिए लोगों को आगे आना चाहिए.


