भागलपुर के नाथनगर इलाके की अपहृत महिला सुलोचना देवी का 19 दिन बाद भी बरामदगी नहीं होने पर पीड़ित परिवार सहित ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। इसके बाद सुलोचना के परिजनों, मायकेवालों और ग्रामीणों ने मंगलवार को मधुसूदनपुर थाने पहुंचकर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते थाने का घेराव किया।
इतना ही नही आक्रोशित परिजनों ने थानाध्यक्ष मनीष कुमार और स्थानीय पुलिस पर गंभीर आरोप लगाये। हाथों में पुलिस के खिलाफ स्लोगन लिखी तख्तियां लिए ग्रामीणों ने जमकर नारेबाजी की। दोपहर एक बजे से लेकर दो बजे तक लगातार परिजनों ने थाने का घेराव किया। मामला बिगड़ता देख चार थाना कजरैली, तातारपुर, ललमटिया और नाथनगर पुलिस टीम को लेकर सिटी डीएसपी राजवंश सिंह पहुंचे और आक्रोशित परिजनों को शांत कराने का प्रयास किया।

सुलोचना के सभी बच्चों ने नानी सबिता देवी के साथ नाथनगर इंस्पेक्टर मो अली साबरी के पैर पकड़े और मां सुलोचना की बरामदगी की गुहार लगाई। डीएसपी राजवंश सिंह ने जल्द सुलोचना की बरामदगी और अन्य चार नामजद आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आशवासन दिया। इसके बाद लोग माने और थाने का घेराव खत्म किया।
ये है मामला
नाथनगर के मधुसूदनपुर थाना क्षेत्र के रामपुर खुर्द पंचायत के कौवाकोली लक्ष्मणबाग की रहने वाली महिला सुलोचना का 21 जून को बदले की कार्रवाई में अपहरण होना बताया जा रहा है। अपहरण का आरोप गांव के ही सुनील यादव और उसके 5 भाइयों पर लगा। इसमें से पुलिस दबिश के बाद तीन आरोपियों सुनील यादव, नवल यादव और राजेश यादव ने कोर्ट में सरेंडर किया था। 48 घंटे की पुलिस रिमांड में अभियुक्तों से कुछ पता नहीं चल पाया।


