परबत्ती स्थित शंकर गैस एजेंसी के पीछे बने शांति विवाह भवन में सोमवार शाम हुए गैस सिलिंडर विस्फोट के 24 घंटे बीतने के बाद अब तक चार लोगों की मौत हो चुकी है. घटना में तीन लोगों की मौत की पुष्टि की गयी थी, जिसके बाद मायागंज अस्पताल से पटना रेफर हुए छोटू कुमार ने मंगलवार दोपहर पटना स्थित पीएमसीएच में दम तोड़ दिया. इधर मंगलवार को मृतक तीन लोगों हसनगंज निवासी


नवगछिया न्यूज़ WhatsApp Group

नाथनगर में फटा मिनी सिलिंडर बाल-बाल बचे स्कूली बच्चे बबलू साह, मोहद्दीनगर निवासी शिवम तांती और बैरिया निवासी प्रकाश मंडल का पोस्टमार्टम करा परिजनों को शव सौंपा गया.

दूसरी ओर घटना के बाद से जिस लापता बच्ची को खोजा जा रहा था, वह सोमवार देर रात अपने पड़ोसी के घर ही सुरक्षित मिल गयी. मृतकों के परिवार को मुआवजे की राशि नहीं दिये जाने से नाराज परिजन पोस्टमार्टम के बाद राशि देने की मांग को लेकर सड़क पर उतर गये थे. वहां उन लोगों ने सड़क जाम कर आनेजाने वाले लोगों से अंतिम संस्कार के लिए भीख मांगने का फैसला किया. सदर एसडीओ के निर्देश पर नाथनगर अंचलाधिकारी सुशील कुमार समेत कोतवाली थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर केएन सिंह और बरारी थानाध्यक्ष रोहित सिंह मौके पर पहुंचे. सीओ ने कबीर अंत्येष्टि योजना के तहत मृतकों के परिजनों को तीन-तीन हजार रुपये सौंपे और आगे मुआवजे की और राशि देने का आश्वासन दिया.

तब जाकर आक्रोशित परिजन शांत हुए. घटना के बाद रामरूप ठाकुर की नतिनी और घटना में घायल गुड़िया देवी की बेटी तीन वर्षीय अदिती अपने पड़ोसी के घर सुरक्षित मिल गयी. बच्ची के परिजनों ने बताया कि घटना के बाद चारों तरफ अफरातफरी मच गयी थी. इसमें बच्ची घायल होकर बेहोश हो गयी थी. बच्ची की मां को अस्पताल ले जाये जाने के बाद घर के सभी लोग अस्पताल चले गये थे. बेहोश पड़ी बच्ची पर पड़ोसियों की नजर पड़ने के बाद पड़ोसियों ने उसे सुरक्षित अपने घर में रख लिया.

देर रात अस्पताल से लौटे परिजनों को बच्ची को सौंप दिया. पटना में दो घायलों का चल रहा इलाज : पटना स्थित पीएमसीएच में तीन घायलों का इलाज चल रहा था. उनमें छोटू, धूरी मंडल व महेंद्र साह थे. इनमें छोटू की मौत हो चुकी है. वहां मरीजों के साथ गये छोटू के भाई भोला ने टेलीफोन पर बताया कि अन्य मरीज का इलाज चल रहा है. दूसरी ओर घटनास्थल शांति विवाह भवन में जिस घर की बेटी की शादी थी, उनके परिजनों ने बताया कि महेंद्र साह का इलाज पटना में चल रहा है और स्थिति नाजुक बनी हुई है.

कानून का मखौल, स्टोर रूम में सैकड़ों सिलिंडर : घटना में ध्वस्त हो चुके स्टोर रूम से अब तक बड़ा-छोटा मिलाकर 140 सिलिंडर निकला है. 200 से अधिक सिलिंडर अभी मलबे में दबे हैं. किसी भी घनी आबादी के बीच सैकड़ों गैस सिलिंडर को स्टोर करने का प्रावधान नहीं है. मलबा हटाने का काम लगातार चल रहा है. लेकिन इसके लिए प्रशासन ने जो संसाधन मुहैया कराया है, उससे एक सप्ताह में भी सारा मलबा हटा पाना मुश्किल दिख रहा है.

यह थी घटना : विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र के परबत्ती इलाके में मौजूद शंकर गैस एजेंसी परिसर के शांति विवाह भवन में शादी समारोह के दौरान गैस सिलिंडर के विस्फोट होने से तीन लोगों की सोमवार को मौत हो गयी थी. विस्फोट में डेढ़ दर्जन लोग घायल हो गये थे. कई मकान धराशायी हो गये थे. विवाह भवन में दुर्घटना होने के कारण ज्योति की शादी नाथनगर स्थित मनसकामनानाथ मंदिर में करायी गयी, जहां सोमवार रात को ही झटपट शादी के बाद ज्योति को उनके जमालपुर स्थित ससुराल के लिए विदा कर दिया गया था.

इधर नाथनगर के नसरतखानी में फटा मिनी सिलिंडर, बाल-बाल बचे स्कूली बच्चे : नाथनगर स्थित ललमटिया थाना क्षेत्र के नसरतखानी मोहल्ले में मंगलवार दोपहर एक मिनी सिलिंडर विस्फोट होने से सनसनी फैल गयी. घटना में किसी को भी कोई नुकसान नहीं पहुंचा. घटना जिस खेत में और जिस वक्त हुई, उसके ठीक सामने नसरतखानी प्राथमिक विद्यालय स्थित है, जिसमें दर्जनों बच्चे मौजूद थे. घटना दोपहर 11.45 बजे की है. इलाके के ही एक लॉज में मौजूद मिनी सिलिंडर में आग लग गयी. छात्रों की सूझबूझ से भभक रहे सिलिंडर को पास के ही खेत में फेंक दिया गया. जहां तेज धमाका हुआ.

मुआवजे की राशि नहीं मिलने से नाराज लोग भीख मांगने सड़क पर उतरे

सीओ-बीडीओ ने मौके पर पहुंच लोगों को कराया शांत सौंपे तीन-तीन हजार रुपये

जुगाड़ गाड़ी से ले गये शव

बबलू गुप्ता की मौत के बाद पोस्टमार्टम कराया गया. शव को घर तक ले जाने के लिए जिला प्रशासन की ओर से कोई व्यवस्था नहीं थी. आखिरकार प्रतिबंधित जुगाड़ गाड़ी पर शव लाद कर परिजन घर ले गये.

शंकर साह अवैध रूप से चला रहा था विवाह भवन, गैर जमानती धाराओं में केस दर्ज : परबत्ती स्थित शंकर गैस एजेंसी के पीछे शांति विवाह भवन में हुए सिलिंडर विस्फोट में तातारपुर थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर अमरनाथ प्रसाद के बयान पर एजेंसी और विवाह भवन संचालक शंकर साह के विरूद्ध केस दर्ज किया गया. मामले में पुलिस ने मृतकों और घायलों के लिए शंकर साह को जिम्मेदार माना है और उसके विरूद्ध गैर जमानतीय धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है.

थानाध्यक्ष ने अपने आवेदन में लिखा है कि गैस एजेंसी सह विवाह भवन के मालिक शंकर प्रसाद साह घटना के बाद न तो घटनास्थल पर उपस्थित हुए और न ही उन्होंने भवन और एजेंसी से संबंधित कोई कागजात दिखाया. मामले में लगायी गयी धाराओं में 308 (जान बूझकर ऐसी परिस्थिति उत्पन्न करना, जो मृत्यु का कारण बन सकती है), 304 ए (लापरवाही से मृत्यु होने का कारण) समेत कई अन्य धाराओं में केस दर्ज किया है. जो गैर जमानतीय है.

परिजनों को चार-चार लाख रुपये मुआवजा

परबत्ती सिलिंडर विस्फोट की घटना में मृतक के परिजनों को आपदा प्रबंधन के नियम से मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू हो गयी है. सदर अनुमंडल पदाधिकारी आशीष नारायण ने बताया कि जगदीशपुर के अंचल अधिकारी से प्रस्ताव मांगा है. प्रस्ताव के प्राप्त होते ही मृतक के निकट के आश्रित को चार लाख रुपये दिये जायेंगे. यह राशि अनुग्रह अनुदान के तहत प्रदान होगा. जहां तक घायलों को मुआवजा देने का है, तो उसके लिए प्रावधान का अध्ययन हो रहा है. सीओ से कहा गया है कि जांच पड़ताल कर प्रस्ताव दें कि मुआवजे की राशि किसके नाम से देय होगी.

By न्यूज़ डेस्क

न्यूज़ को शेयर करे और कमेंट कर अपनी राय दे.....

Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Kulisbet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Kulisbet
Kulisbet giriş
Kulisbet güncel giriş
kralbet
Dinamobet
Dinamobet
Madridbet
Dinamobet
Dinamobet
Kulisbet
Matbet
Matbet
Verified by MonsterInsights