
खईके पान बनारस वाला गीत लिखने वाले मशहूर गीतकार लालजी पांडेय उर्फ अंजान के नाम से जिस ओदार गांव को जाना जाता है, अब उस गांव को लोग ‘किरवा वाला गांव’ कहने लगे हैं। ऐसा गांव के ही युवक संदीप पटेल की वजह से हुआ है।
शनिवार को संदीप ने खुद को पूर्व जन्म में इच्छाधारी नाग बताकर नागिन से शादी रचाने की तैयारी की बात कहकर कौतूहल पैदा कर दिया है। उसे देखने के लिए आसपास के हजारों लोग ओदार गांव पहुंच रहे हैं। रविवार को भी लोगों के ओदार पहुंचने का सिलसिला जारी रहा।

फूलपुर थाना क्षेत्र का ओदार गांव आजकल ओझा दयाशंकर के बेटे संदीप पटेल की वजह से सुर्खियों में है। संदीप ने खुद को पूर्व जन्म में इच्छाधारी नाग बताकर शनिवार को चंद्रग्रहण के दिन नागिन से शादी करने का दावा किया था।
इस अंधविश्वास के खिलाफ अब गांव के लोग ही मुखर हुए हैं। अंजान के बेटे समीर के भतीजे दिलीप गांव के उन लोगों का नेतृत्व कर रहे हैं जो इस अंधविश्वास के खिलाफ हैं।
वॉट्सएप पर भी प्रचारित हुई इच्छादारी नाग की कहानी
गांव के ही शराफत हुसैन बताते हैं कि वाट्सऐप और मैसेज के जरिये इच्छाधारी नाग और नागिन की शादी प्रचारित की गई है। अफवाह फैलाकर हजारों लोगों को भ्रमित किया गया। गांव के राजकुमार बताते हैं कि बाहर के लोगों ने गांव का माहौल बिगाड़ दिया है। नाग और नागिन की झूठी अफवाह फैलाई गई है।
डॉक्टरों का कहना है मानसिक रोगी है ‘इच्छादारी नाग’
इच्छादारी नाग की इस कहानी के प्रचारित होने के बाद यहां कुछ जाने-माने डॉक्टर भी पहुंचे। बीएचयू के न्यूरोलाजी विभाग के अध्यक्ष डॉ. वीएन मिश्रा, विनोद तिवारी, पीसी श्रीवास्तव, पीएम तर्मट, एके पटेल रविवार को अपनी टीम के साथ ओदार पहुंचे।
संदीप पटेल के परिवार के लोगों को बताया कि संदीप मानसिक रूप से परेशान है, उसका इलाज कराए। अंध विश्वास में पड़कर उसका जीवन बर्बाद न करें। गांव के लोगों को भी जागरूक किया। कहा कि अगले सप्ताह जागरूकता के लिए गांव में एक नया दिन फिल्म का प्रदर्शन किया जाएगा।


