नवगछिया/रंगरा: भागलपुर जिले के रंगरा थाना क्षेत्र के मदरौनी गांव में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसे में मां और बेटे की करंट लगने से मौत हो गई। खेत में भिंडी तोड़ने गई महिला हाई वोल्टेज बिजली तार की चपेट में आ गई। उसे बचाने के लिए दौड़ा बेटा भी करंट की जद में आ गया। दोनों को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
जानकारी के अनुसार, मदरौनी गांव निवासी मनोज कुमार की पत्नी सरिता देवी (44) अपने खेत में भिंडी तोड़ने गई थीं। खेत के ऊपर से गुजर रही हाई वोल्टेज बिजली लाइन बांस के अस्थायी सहारे काफी नीचे झूल रही थी। इसी दौरान सरिता देवी अनजाने में तार के संपर्क में आ गईं और करंट की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गईं।
मां को बचाने दौड़ा बेटा भी चपेट में आया
मां को करंट लगते देख उनका पुत्र सुंदरम सिंह (25) उन्हें बचाने के लिए दौड़ा। लेकिन जैसे ही उसने मां को छुड़ाने का प्रयास किया, वह भी बिजली के करंट की चपेट में आ गया। देखते ही देखते दोनों खेत में ही अचेत होकर गिर पड़े।

घटना के बाद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और किसी तरह बिजली आपूर्ति बंद कराकर दोनों को तार से अलग किया। आनन-फानन में उन्हें इलाज के लिए जीएमसीएच पूर्णिया ले जाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मां-बेटे की एक साथ मौत से पूरे परिवार में मातम पसरा हुआ है। बताया जाता है कि मृतका के पति मनोज कुमार हृदय रोग से पीड़ित हैं और उनका इलाज मायागंज अस्पताल में चल रहा है। परिवार की एक बेटी की शादी हो चुकी है। इस घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
ग्रामीणों में बिजली विभाग के खिलाफ आक्रोश
हादसे के बाद गांव में बिजली विभाग के प्रति भारी नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में जर्जर तारों और बांस-बल्ले के सहारे खींची गई बिजली लाइन की शिकायत कई बार अधिकारियों से की गई थी, लेकिन विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की।
ग्रामीण प्रकाश सिंह ने कहा कि विभागीय लापरवाही के कारण एक ही परिवार के दो सदस्यों की जान चली गई। ग्रामीणों ने दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई, गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज करने तथा पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और सरकारी सहायता देने की मांग की है।
पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।

