नारायणपुर। बारिश के बाद नारायणपुर प्रखंड क्षेत्र की कई प्रमुख सड़कें गड्ढों और कीचड़ में तब्दील हो गई हैं। जगह-जगह सड़क टूटने से बने बड़े-बड़े गड्ढों और जलभराव के कारण लोगों को आवागमन में काफी परेशानी हो रही है। फिसलन के कारण दोपहिया वाहन और ऑटो चालकों के लिए हादसे का खतरा भी बढ़ गया है।
मधुरापुर बाजार से नारायणपुर बस स्टैंड जाने वाले मार्ग और नारायणपुर रेलवे पश्चिमी केबिन मार्ग समेत कई सड़कों की स्थिति खराब है। बारिश के बाद गड्ढों में पानी और कीचड़ भर जाने से सड़क पर बने गड्ढों का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है। इसका सबसे ज्यादा असर पैदल राहगीरों और बाइक सवारों पर पड़ रहा है।
गड्ढे और जलभराव से पलटा स्कूली बच्चों का ऑटो
शुक्रवार सुबह इसी मार्ग पर गड्ढों और जलभराव के कारण एक ऑटो-रिक्शा पलट गया। बताया गया कि ऑटो स्कूली बच्चों को लाने जा रहा था। हादसे में बच्चे बाल-बाल बच गए। स्थानीय लोगों के अनुसार, खराब सड़क के कारण इस इलाके में दोपहिया वाहनों और ऑटो के फिसलने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं।

दियारा क्षेत्र में सड़क पर पशुओं से भी बढ़ी परेशानी
स्थानीय लोगों ने बताया कि दियारा क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति के कारण कई पशुपालक अपने मवेशियों को सड़क पर रखने को मजबूर हैं। इससे पहले से ही खराब और फिसलन भरी सड़क पर वाहन चालकों की परेशानी और बढ़ गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़कों की लंबे समय से मरम्मत की जरूरत है। गड्ढों की अस्थायी भराई के बजाय सड़क की स्थायी मरम्मत कराई जाए, ताकि बारिश के दौरान लोगों को आवागमन में परेशानी न हो और हादसों का खतरा कम किया जा सके।
