नवगछिया : नियम कानून अगर अपना हो तो बात क्या ? जब मन आया तोड़ दिया, जब मन आया बना दिया. बुधवार को नवगछिया बिजली विभाग के नये भवन में नया मीटर लगाया गया है. यानी अब तक नये भवन में पुराने भवन से बिजली जा रही थी. जबकि नये भवन में अगल अलग कई कार्यालय हैं, इसमें नवगछिया नगर बिजली कार्यालय, खरीक कार्यालय, नवगछिया ग्रामीण कार्यालय, गोपालपुर कार्यालय और बिजली के अनुमंडल पदाधिकारी का भी कार्यालय है. नया भवन लगभग दो वर्ष पहले अस्तित्व में आया और यहां पर बिजली की आपूर्ति पुराने कार्यालय से ही सुनिश्चित की गयी थी. जबकि उपरोक्त कार्यालय में अधिकांश दो वर्षों से नये भवन में संचालित हो रहा है.
पुराने भवन का भी मीटर खराब
– आज बिजली विभाग के नवगछिया अनुमंडल कार्यालय में लगा मीटर
– बात चरचा में खराब था बिजली विभाग कार्यालय का इकलौता मीटर
– कार्यपालक अभियंता ने कहा नया कार्यालय हुआ सृजित इसलिए लिया गया नया कनैक्शन

बिजली विभाग के पुराने भवन का भी मीटर खराब है. पहले तो कार्यापालक अभियंता प्रभात रंजन ने स्वीकार किया कि पांच से छ: दिनों से मीटर खराब है लेकिन कुछ देर बाद ही कार्यपालक अभियंता ने अपना वक्तव्य बदलते हुए कहा कि पुराने कार्यालय में लगा मीटर पूरी तरह से ठीक ठाक है और बिल भी आ रहा है. महज तीन घंटे के अंदर बयान बदल लेने और खराब मीटर ठीक हो जाने की बात को समझने या न समझने की जरूरत क्या है. अपना विभाग, अपना मीटर इतना ही समझना काफी है.

कहते हैं कार्यपालक अभियंता
विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता प्रभात कुमार रंजन ने कहा कि बिजली विभाग नवगछिया में नये प्रमंडलीय कार्यालय का सृजन हुआ है. पुराने भवन में ही प्रमंडलीय कार्यालय को शिप्ट किया गया. इसलिए नये भवन में अनुमंडल कार्यालय के लिए वैधानिक रूप से बिजली का नया कनैक्शन पिछले दिनों ही लिया गया, जिसका मीटर आज लगाया गया है. दोनों कार्यालयों में वैधानिक रूप से बिजली की आपूर्ति की जा रही है. बिल भी समय पर दिया जा रहा है. पूरा मामला पारदर्शी है.


