सांस्कृतिक संस्था आलय और सिल्क टीवी के बैनर तले शहर में पहली बार एक से तीन सितंबर तक सिनेमा वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है।
इसमें सिनेमा से संबंधित सभी पक्षों की तकनीकी जानकारी दी जाएगी। कार्यशाला के निर्देशक रविकांत सिन्हा हैं। यह मूल रूप से थियेटर से जुड़े हैं और वर्तमान में मुंबई में फिल्म निर्देशन का काम कर रहे हैं। रविकांत सिन्हा की पिछली फिल्म मुकद्दरपुर का मंजनू को काफी सराहना मिली थी।

मुकद्दरपुर का मजनू शहर के जाने माने लेखक और नाटककार राजेश कुमार द्वारा लिखित नाटक हनु हटेला से लड़की सेट क्यों नहीं होती पर आधारित है। कार्यशाला के संयोजक कुमार चैतन्य प्रकाश ने बताया की शहर में पहली बार सिनेमा कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है।
वर्तमान में इंटरनेट ने हर व्यक्ति को मीडिया से जोड़ा है। ऐसे में हर व्यक्ति घर बैठे हैं शॉर्ट फिल्मों का निर्माण कर सकता है और करना चाहता है। ऐसे में यह कार्यशाला उन युवाओं के लिए बहुत ही उपयोगी होगी। कार्यशाला के सफल आयोजन के लिए विकास, अमित, विक्रम, मिथिलेश, सूरज, सलमान, आशीष अपूर्व समेत कई रंगकर्मी जुटे हुए हैं। आयोजन से जुड़े कुमार चैतन्य प्रकाश ने बताया कि कार्यशाला भीखनपुर गुमटी नंबर तीन स्थित दफ्तर परिसर में होगी। कार्यशाला रोज सुबह दस से दोपहर दो बजे तक चलेगी।


