नवगछिया : नवगछिया में चल रहे नेशनल सेमिनार में आयी आमंत्रित वैज्ञानिक डॉ अलका शर्मा को शुक्रवार को रूलर वाटर सोसाइटी द्वारा अंगवस्त्रम देकर सम्मानित किया गया. मालूम हो कि श्रीमति अलका शर्मा यूनवर्सिटी आफ राजस्थान, जयपुर की एसोसिएट प्रोफेसर हैं और जल शुद्धिकरण की महत्वाकांक्षी नई नई तकनीकी योजना पर वे शोध करती है. उनके शोध व्यवहार और सिद्धांत दोनों में जनोपयोगी रहे हैं. श्रीमति अलका शर्मा को रूलर वाटर सोसायटी के अध्यक्ष ज्योत्स्ना झा और ताइक्वांडो के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी व क्रीड़ा मंच के प्रदेश कार्य समिति सदस्य फाइटर जेम्स द्वारा अंग वस्त्रम देकर सम्मानित किया गया.
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इस अवसर पर डॉ ज्योत्स्ना झा ने कहा कि श्रीमति अलका का दूषित जल को साफ करने की नैनो तकनीक बेहद प्रभावशाली और उपयोगी है. इस अवसर पर डॉ अलका शर्मा ने कहा कि नैनो कणों से दूषित जल को साफ करके प्रयोग में ला सका जा सकता है. नैनों कणों का निर्माण कई प्रकार से किया जाता है. कुछ खतपतवार पौधौं की मदद से भी नैनों कणों का निर्माण किया गया और इनकी मदद से कई प्रकार के भारी तत्वों का जल से निस्कासन किया गया. इस प्रक्रिया से दूषित जल को फसल के इस्तेमाल हेतु एवं पीने हेतु तैयार किया जा सकता है.

इस तरीके देश विदेश में चल रही जल संरक्षण की मुहिम में अहम योगदान किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि खतपतवार पौधौं की मदद से निर्मित ऐसे नैनों कणों की मदद से धातुओं के क्षरण को भी रोका जा सकता है. इन कणों को जैल में मिलाकर धातु पर लेप किया जाता है जिससे धातु का क्षरण रोका जा सकता है. डॉ शर्मा ने खिलाड़ी जेम्स से स्थानीय खेल गतिविधियों की भी जानकारी ली है. इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ अशोक झा, सेमिनार के संचालक डॉ अशोक झा आदि अन्य भी मौजूद थे

