नारायणपुर – भवानीपुर थाना क्षेत्र के रामजानकी मंदिर ठकुड़बारी मधुरापुर में मंगलवार की सुबह नेपाल के मीन बहादुर(48) का शव संदिग्ध अवस्था में ग्रामीणों ने देखा. ग्रामीणों की सूचना पर भवानीपुर पुलिस मंदिर परिसर पहुंचे व आवश्यक छानबीन के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए अनुमंडलीय अस्पताल नवगछिया भेजा. शव होने की सुचना पर लोगों की भीड़ मंदिर परिसर में उमड़ पड़ी.मीन बहादुर नेपाल के केलाल जिला से लमकि थाना क्षेत्र के नगरपरिषद के लमकी गाँव का रहनेवाला था.शव के पास से पुलिस को मोबाइल मिला.लोग उसकी मौत पर तरह-तरह की आशंकाये जता रहा था.
बंद था दरवाजा:-
मंदिर परिसर का मुख्य दरवाजा और मंदिर के दरवाजा में ताला लगा था.जिसे चाबी मंगाकर पुलिस ने खोला मंदिर का दरवाजा खोलने पर वह बायें करवट लेटने की अवस्था में पाया गया.शरीर को सीधा करने पर दिखा की पूरा शरीर अकरा था.नाक से पानी गिरा था और हाफ पेंट,गंजी पहने था.चेहरा काला पड़ गया था.वह परिसर में बने एक कमरे में खाना बनाकर सारा सामान रखता था.मंदिर में ही सोता था.और रात में पहरेदारी का काम करता था

क्या करता था काम:
लगभग दो वर्ष से मीन बहादुर नारायणपुर बाजार में रात्रि में सीटी बजाकर,टार्च, लाठी के साथ गश्ती कर पहरेदारी करता था.इसके बदले हर दुकानदार उसे दो से पांच रुपये प्रतिदिन दिया करता था.जिससे उसके परिजन का भरण-पोषण होता था.कमाई का सारा रुपये वह घर भेजा करता था.
साढ़े तीन बजे तक जगा था:
बाजार के दुकानदार ने मीन बहादुर को नेक दिल इंसान बताया.उसने सोमवार की सुबह करीब साढ़े तीन बजे एक दुकानदार को जगाया उसके बाद वह बाजार से मंदिर सोने चला गया.बहादुर उस दुकानदार को रोज जगाया करता था क्योंकि दुकानदार रोज सुबह-सुबह चार बजे के बाद अपनी दुकान खोलते थे.उसकी मौत पर बाजार वासियों ने गहरी चिंता जताई और बाजार के व्यवसायी ने सहयोग राशि जमा कर उसके शव को नेपाल भेजा.


